प्रदेश के मंडी जिले के सराज क्षेत्र की थुनाग तहसील के तहत आने वाले गांव जौल में गैस सिलिंडर फटने से चार कमरों का दो मंजिला मकान जल कर राख हो गया है। घर में रखी 37 हजार की नकदी के अलावा आभूषण और अन्य सामान भी आग की भेंट चढ़ गया। घटना में करीब पांच लाख के नुकसान का अनुमान है। आग इतनी भयंकर थी कि मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड टीम के प्रयास भी नाकाफी रहे। वहीं, प्रशासन ने पीड़ितों को 20 हजार की सहायता राशि जारी की है।
जानकारी के मुताबिक थुनाग तहसील के जौल गांव निवासी कमलदेव के घर शनिवार को अचानक आग लग गई। गैस सिलिंडर फटने से आग ने भयंकर रूप धारण कर लिया। देखते ही देखते सब कुछ राख हो गया। इस घटना में मुर्गा खाना में रखे 15 मुर्गे भी जल गए। मकान के पीछे बनी गोशाला भी आग की चपेट में आ गई। जबकि, घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण और 37 हजार नकदी, राशन, कपड़े, फर्नीचर सहित अन्य साजो सामान नष्ट हो गया।
आग इतनी भयंकर थी कि मकान में रखे सामान को बचाया नहीं जा सका। घटना के समय घर के सभी लोग घर पर नहीं थे। घटना का पता चलते ही ग्रामीण बाल्टियां लेकर आग बुझाने में जुट गए। सूचना मिलने पर अग्निशमन केंद्र थुनाग से कर्मचारी वाहन सहित घटना स्थल पर पहुंच गए। लोगों और अग्निशमन कर्मियों की कड़ी मशक्कत के बाद भी आग पर काबू नहीं पाया गया।
एसडीएम थुनाग सुरेंद्र मोहन ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि आग से करीब पांच लाख का नुकसान होने का अनुमान है। पीड़ित परिवार को फौरी राहत के तौर पर 20 हजार रुपये दे दिए गए हैं। आकलन करने के बाद ही राहत राशि दी जाएगी। एसएचओ जंजैहली गोपाल चंद ने कहा कि पुलिस ने घटना स्थल का जायजा लेकर मामला दर्ज कर लिया है और छानबीन शुरू कर दी है।