हिमाचल में भारी बारिश का अलर्ट।
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हिमाचल प्रदेश में शनिवार से मौसम बदलेगा।17 और 18 अक्तूबर को प्रदेश मध्य और उच्च पर्वतीय भागों में भारी बारिश और अंधड़ चलने की चेतावनी जारी हुई है। पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से मौसम में यह बदलाव आ रहा है। शुक्रवार को प्रदेश में मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है। 16 से 18 अक्तूबर तक प्रदेश के उच्च पर्वतीय कुछ भागों में हल्की बर्फबारी की भी संभावना है। राजधानी शिमला सहित प्रदेश के सभी क्षेत्रों में गुरुवार को मौसम साफ रहा। ऊना में अधिकतम तापमान 34.5, बिलासपुर 34.0, सुंदरनगर 32.3, चंबा 32.2, नाहन 31.8, भुंतर 31.6, हमीरपुर 31.2, सोलन 31.0, कांगड़ा 30.2, धर्मशाला 27.2, शिमला 25.0, कल्पा 22.7, केलांग 19.6 और डलहौजी में 19.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। उधर, अक्तूबर में अभी तक सामान्य से 46 फीसदी कम बादल बरसे हैं। एक से 14 अक्तूबर तक प्रदेश में आठ मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। इस अवधि के दौरान सामान्य बारिश 14.9 मिलीमीटर मानी गई है।
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मानसून में सामान्य से 10 फीसदी कम बरसे बादल
बता दें, बीते आठ अक्तूबर को हिमाचल से विदा हुए मानसून के दौरान प्रदेश में सामान्य से 10 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई थी। इस वर्ष सामान्य से 14 दिन बाद मानसून की विदाई हुई। प्रदेश में 13 जून को मानसून ने प्रवेश किया था। 8 अक्तूबर तक प्रदेश में 692 मिलीमीटर बारिश हुई। इस अवधि के दौरान 763 मिलीमीटर बारिश सामान्य मानी गई। इस मानसून सीजन में प्रदेश में जानमाल का भारी नुकसान हुआ था। किन्नौर के निगुलसेरी व बड़सेरी, धर्मशाला के मैक्लोडगंज, शिमला के झाकड़ी सहित कुल्लू और सिरमौर जिला में भूस्खलन और बादल फटने की घटनाएं हुईं। मानसून सीजन में इस बार 476 लोगों की जान गई। 627 लोग घायल हुए। 794 जानवरों और पक्षियों की मौत हुई। 200 पक्के, 900 कच्चे मकान और 756 गोशालाओं के साथ ही 1,15,938 लाख रुपये का प्रदेश में मानसून से नुकसान हुआ। अब 15 नवंबर तक प्रदेश में पोस्ट मानसून सीजन रहेगा। इस दौरान बीच-बीच में बारिश होगी। 16 नवंबर से हिमाचल में विंटर सीजन शुरू होगा।