वहीं, मुख्य सचिव रामसुभग सिंह ने हिमाचल प्रदेश के सभी डीसी से मानसून से हुए नुकसान पर रिपोर्ट तलब की है। यह रिपोर्ट नई दिल्ली भेजी जाएगी। इसमें केंद्र सरकार से हिमाचल प्रदेश के लिए वित्तीय सहायता मांगी जाएगी। मुख्य सचिव रामसुभग सिंह ने शिमला में मीडिया से अनौपचारिक बातचीत में कहा कि सभी डीसी से जानकारी प्राप्त होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार हिमाचल प्रदेश में इस बार मानसून में लगभग 1100 करोड़ रुपये का नुकसान हो चुका है। इससे 424 लोगोें की जान जा चुकी है।
इनमें 13 लोग लापता हैं। 700 पशुओं की मौत हो चुकी है। 1000 से ज्यादा मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं। 190 घर पूरी तरह तबाह हो चुके हैं। इस प्रारंभिक आकलन के अलावा सरकार चाह रही है कि उपायुक्त एक वास्तविक रिपोर्ट भेजें, जिसे केंद्र सरकार को भेजा जा सके। इसमें वास्तविक मूल्यांकन होगा। इस संबंध में मुख्य सचिव रामसुभग सिंह ने सभी उपायुक्तों को कहा है कि वे वास्तविक आकलन रिपोर्ट जल्दी सरकार को भेजे। सरकार की ओर से भारत सरकार को भी इस संबंध में एक ज्ञापन भेजा जाएगा। वहां से टीम आएगी और वह नुकसान का आकलन करेगी। हर साल एक केंद्रीय टीम हिमाचल प्रदेश आकर नुकसान का आकलन करती है।