उत्तराखंड में हरीश रावत सरकार के बर्खास्त होने के बाद हिमाचल की कांग्रेस सरकार छांछ भी फूंक-फूंककर पी रही है। नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने 31 मार्च वीरवार को वित्त विधेयक के पारण के दौरान वीरभद्र सरकार के गिरने की चेतावनी दी है। लिहाजा, शक्ति परीक्षण से पहले बुधवार को सीएम वीरभद्र सिंह ने सभी मंत्रियों और कांग्रेस विधायकों को विश्वास में लिया।
सीएम और स्पीकर बीबीएल बुटेल को छोड़कर कांग्रेस के कुल 34 विधानसभा सदस्यों से हस्ताक्षर लेकर सोनिया गांधी को पत्र भेजा गया है। इनके अलावा वीरभद्र सरकार के समर्थन में चार निर्दलीय विधायकों बलवीर सिंह वर्मा, पवन काजल, मनोहर धीमान और किरणेश जंग ने भी हस्ताक्षर किए हैं। उधर, कांग्रेस ने व्हिप जारी कर अपने सभी विधायकों को वीरवार को सदन में मौजूद रहने के लिए कहा है।
सोनिया को भेजे पत्र में दस्तखत करने के लिए भी कांग्रेस ने बुधवार को भी अपने विधायकों को सदन में रहने के लिए कहा था। आशा कुमारी और सुजान सिंह पठानिया को छोड़कर सभी कांग्रेसी और निर्दलीय विधायक सदन में मौजूद रहे। आशा कुमारी दिल्ली में अपनी माता का इलाज करा रही हैं, जबकि पठानिया खुद अस्वस्थ हैं।
दोनों ने वीरभद्र सिंह को अपना समर्थन देते हुए सदन में न आ पाने की मजबूरी बताई। बता दें कि कांग्रेस हाईकमान ने दो अप्रैल को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह, वरिष्ठ मंत्री विद्या स्टोक्स, कौल सिंह ठाकुर, जीएस बाली और संसदीय कार्य मंत्री मुकेश अग्निहोत्री को नई दिल्ली बुलाया है। इसके अलावा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विप्लव ठाकुर, कुलदीप कुमार भी दिल्ली बुलाए गए हैं।
कौल ने वीरभद्र के नेतृत्व में जताया भरोसा- हिमाचल में कांग्रेस के विपक्ष में रहते हुए तीन-चार साल पहले अनेक बार वीरभद्र सिंह के आमने-सामने हो चुके कौल सिंह ठाकुर ने पुष्टि की कि सभी विधायकों की तरह उन्होंने भी हाईकमान को भेजे गए पत्र में हस्ताक्षर किए हैं।
इसमें वीरभद्र सिंह के नेतृत्व की हिमाचल सरकार में भरोसा जताया गया है। वे बुलाए गए लोगों के साथ दिल्ली भी जाएंगे। परिवहन मंत्री जीएस बाली ने कहा कि उन्हें सूचना मिली है कि उन्हें भी दिल्ली बुलाया गया है। इस पर बाद में बात करेंगे।
मुख्यमंत्री, मंत्रियों से मिले सुक्खू- कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू बुधवार को प्रदेश विधानसभा परिसर में मुख्यमंत्री और मंत्रियों से मिले। सुक्खू ने आईपीएच मंत्री विद्या स्टोक्स और स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ठाकुर से अलग से बंद कमरों में चर्चा की। उन्होंने मंत्रियों को दिल्ली बुलाए जाने की भी सूचना दी।