उच्च शिक्षा की राह में आर्थिक तंगी अब हिमाचल के होनहार विद्यार्थियों के लिए दीवार नहीं बनेगी। वाईएस परमार शिक्षा ऋण योजना को सरकार ने फिर से प्रभावी ढंग से लागू करने का रास्ता साफ कर दिया है। अमर उजाला में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाए जाने के बाद सरकार हरकत में आई और वित्त विभाग ने शिक्षा ऋण के लिए कोलैटरल सिक्योरिटी उपलब्ध करवाने पर सहमति जता दी। अब बैंकों को स्पष्ट संदेश दे दिया गया है कि पात्र विद्यार्थियों को ऋण देने में कोई आनाकानी नहीं की जाए। उच्च शिक्षा निदेशालय ने सभी बैंकों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि वाईएस परमार शिक्षा ऋण योजना के तहत ऋण मामलों को प्राथमिकता से निपटाया जाए। सरकार ने गारंटी पत्र भी उपलब्ध करवाया है, जिससे बैंकों की प्रमुख आपत्ति दूर हो गई है।