वन मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर (फाइल फोटो)
श्री नयनादेवी रेंज में हुए अवैध खैर कटान मामले में जल्द ही तीन और एफआईआर दर्ज होंगी। विजिलेंस ने इसकी पूरी रिपोर्ट तैयार कर राज्य सरकार को भेज दी है। वन मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने बताया की अवैध कटान करने वालों और सहयोग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
इस मामले में वन विभाग के कर्मचारियों से लेकर अधिकारी और कुछ रसूखदार विजिलेंस के रडार पर हैं। रसूखदार होने के कारण सरकार मामले दर्ज करने में जल्दबाजी नहीं दिखा रही है। सरकार ने विजिलेंस से कुछ कमेंट मांगे थे, जिसे विजिलेंस ने सरकार को भेज दिया है।
श्री नयनादेवी रेंज में सलोआ, भाखड़ा, बोडोह, कोट और बस्सी वन बीट में करीब 25 हजार खैर के पेड़ों का अवैध कटान हुआ है। 25 फरवरी 2018 के अंक में ‘अमर उजाला’ ने इस मामले का खुलासा किया था, जिसके बाद उसी दिन विजिलेंस ने इस मामले में पहली एफआईआर दर्ज की थी। विजिलेंस ने इस मामले में कई चेक पोस्टों, वन कर्मचारियों के घरों के अलावा ठेकेदारों के यहां छापे डालकर अहम साक्ष्य जुटाए थे।
उल्लेखनीय है कि मामले में पीएमओ के हस्तक्षेप के बाद विजिलेंस जांच चल रही है। इस मामले में पहले ही दो एफआईआर हो चुकी हैं। अब तीन अन्य वन बीटों की एफआईआर दर्ज करने के लिए राज्य सरकार की मंजूरी के लिए फाइल भेजी गई है। बताया जा रहा है कि तीन एफआईआर संबंधी फाइल पर कुछ आपत्तियां आई थीं जिन्हें विजिलेंस ने दूर कर फाइल फिर से सरकार के पास भेजी है।