राज्य विद्युत बोर्ड में चपरासी से अफसर तक की जवाबदेही तय की जाएगी। हर कर्मचारी और अफसर का टारगेट तय किया जाएगा, जिसे साल के आखिर तक पूरा करना होगा। टारगेट पूरा न करने वालों की नौकरी तक जा सकती है।
इस सिलसिले में सरकार शीतकालीन सत्र में राज्य विद्युत वितरण प्रबंधन दायित्व बिल-2014 लाने जा रही है, जिसमें टारगेट पूरा न करने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों के खिलाफ निलंबन से लेकर बर्खास्त करने तक का प्रावधान किया जाएगा। इसका मकसद बोर्ड को घाटे से मुनाफे में लाना है।
सरकार की कोशिश है कि बिजली आपूर्ति के दौरान होने वाली चोरी पर पूरी तरह से अंकुश लगाया जाए। प्रदेश में जहां भी लाइन लॉस हो रहा है उसे रोका जाए।
प्रधान सचिव ऊर्जा एसकेबीएस नेगी ने बताया कि 25 नवंबर की कैबिनेट बैठक में बिल लाने पर सहमति बन गई थी। अब इसे 5 दिसंबर से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र में पेश किया जाएगा।