गगरेट क्षेत्र के एक उद्योग के कामगार की आत्महत्या के मामले में पुलिस ने उद्योग के एचआर हेड और प्लांट हेड के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। मृतक कामगार की पत्नी ने आरोप लगाया है कि उद्योग प्रबंधन की प्रताड़ना से तंग आकर पति ने आत्महत्या की है। सोमवार सुबह इस मामले को लेकर श्रमिकों का गुस्सा फूटा और नारेबाजी की। कामगारों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।
पत्नी ने आरोप लगाया है कि उद्योग प्रबंधन उसके पति पर अनावश्यक दबाव बना रहा था। इस वजह पति परेशान था। इधर, आरोपों को उद्योग प्रबंधन ने सिरे से नकार दिया है। श्रमिक यूनियन यूनिट सुबह से ही प्रदर्शन पर डटी रही। यूनियन के अध्यक्ष मनोज कुमार ने आरोप लगाया है कि श्रमिक को उद्योग ने इतना परेशान किया कि उसे आत्महत्या करनी पड़ी। मृतक के परिवार को नौकरी और मुआवजा दिया जाए।
उधर, उद्योग के प्रशासक ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि श्रमिक को नियमानुसार हर संभव मदद कंपनी की तरफ से दी जाएगी। डीएसपी अंब सृष्टि पांडे ने उद्योग के एचआर हेड और प्लांट हेड के खिलाफ केस दर्ज होने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।
प्लांट हेड ने कहा कि कुछ लोगों ने कामगार की मौत को मुद्दा बना दिया है। हालांकि, उद्योग प्रबंधन की सारी संवेदनाएं मृतक के परिजनों के साथ है। यूनियन के लोग उद्योग में कार्य कर रहे अन्य कामगारों को बरगला रहे हैं। उद्योग प्रबंधन मृतक के परिवार की हर संभव सहायता करने को तैयार हैं।