वहां उसने बच्ची के साथ जबरन यौन उत्पीड़न किया। जब बच्ची की मां उसे ढूंढते हुए छत पर पहुंची, तो उसने अपनी बेटी को फर्श पर रोते हुए पाया। उस समय आरोपी भी बच्ची के पास खड़ा था। पीड़िता के माता-पिता ने महिला पुलिस थाना बद्दी में शिकायत दी। आरोपी के खिलाफ पॉक्सो अधिनियम की धारा 6 और भारतीय दंड संहिता की धारा 376 एबी के तहत अपराध दर्ज किया गया था। जांच अधिकारी एसआई कृष्णा देवी ने इस मामले की गहन जांच की। अभियोजन पक्ष ने अदालत में मामले को साबित करने के लिए कुल 20 गवाहों के बयान दर्ज कराए। इन गवाहों के बयानों और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ आरोप सिद्ध हुए। दोषी लकी कुमार कांगड़ा जिले के देहरा का निवासी है। अदालत ने उसे पॉक्सो अधिनियम की धारा 6 के तहत दोषी ठहराया। उसे आजीवन कारावास और 50,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई गई है।