खंडपीठ ने सरकार को निर्देश दिए हैं कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात सुचारु रूप से चल पाए, इसके लिए सड़क किनारे जितने भी मोटर मेकेनिक, शोरूम, ढाबे और अवैध तरीके से व्यवसाय कर रहे हैं, उन सब पर कानून के तहत कार्रवाई की जाए और उन्हें तुरंत हटाया जाए। अदालत में शिमला के पुलिस अधीक्षक ने हलफनामा दायर किया, जिसमें उन्होंने कहा है कि अवैध कब्जा करने वालों पर कार्रवाई की गई है। शिमला से कुफरी, फागू, ठियोग सड़क के किनारे 66 लोगों ने अवैध तरीके से सड़क किनारे कब्जा कर रखा है।
इनमें से एफआईआर केवल दो लोगों पर दायर की गई है। अदालत ने कहा, राष्ट्रीय राजमार्ग-5 ऊपरी शिमला की लाइफ लाइन है। शिमला को किन्नौर तक यह सड़क जोड़ती है। हसन वैली जो ढली के समीप है, उस पर हर जगह जाम लगा रहता है। इसकी वजह से आम जनता सहित पर्यटकों को परेशानी झेलनी पड़ती है। सड़क के किनारे जगह-जगह अवैध तरीके से गाड़ियां पार्क की जाती हैं। अवैध तरीके से खाने-पीने की दुकानें खोली गई हैं। कार्रवाई के बाद अदालत ने इस पर सरकार को स्टेटस रिपोर्ट दायर करने को कहा है।
आईजीएमसी-ढली-संजौली बाईपास पर यातायात जाम
आईजीएमसी-ढली-संजौली बाईपास सड़क पर अवैध पार्किंग पर शिमला के पुलिस अधीक्षक को कड़ी फटकार लगाई है। अदालत ने कहा कि सड़क किनारे निजी गाड़ियों सहित सरकारी बसें खड़ी होती हैं, इसकी वजह से हर वक्त यहां पर जाम लगा रहता है। सरकार को पार्किंग के लिए जगह चयनित करनी चाहिए, ताकि बाहर से जो भी गाड़ियां आएं, वे उस चयनित जगह पर पार्क करें।