उप तहसील राजा का तालाब की डक पंचायत के आजाद हिंद फौज के सिपाही स्व. हीरा लाल की पत्नी वयोवृद्ध भेक्कड़ी देवी उम्र 104 का रविवार को देहांत हो गया। भेक्कड़ी देवी अपने अंतिम समय में भी राम-राम जपती रही। वह उम्र के इस पड़ाव में भी स्वस्थ थीं।
पौत्र साहित्यकार व पहाड़ी कवि पंकज दर्शी ने बताया कि उनकी नजर उम्र का शतक पार करने के बावजूद सही थी। अक्सर सुई में धागा वह खुद पिरोती थीं। कई बार वह उनसे पहाड़ी कविता भी सुनती थीं। खेतीबाड़ी, लोकगीत में उनका विशेष रुझान रहा है। उन्होंने बताया कि 10 नवंबर को निर्वाचन आयोग की टीम उनसे मत डलवाने के लिए घर पर पहुंची।
उन्होंने प्रत्याशियों के नाम पूछकर और चुनाव चिन्ह की जानकारी लेकर बिना किसी की सहायता के अपना मत डाला। पंकज दर्शी के अनुसार उनके दादा 1942 से 1943 तक आजाद हिंद फौज में रहे। भेक्कड़ी देवी का अंतिम संस्कार सोमवार को मोक्षधाम चकवाड़ी में सुबह 11 बजे किया जाएगा।