प्रदेश के 279 अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी
प्रदेश के विभिन्न अस्पतालों में चिकित्सकों के स्थानांतरण किए गए हैं। प्रदेश में 279 ऐसे अस्पताल हैं, जहां चिकित्सकों की कमी चल रही है। प्रदेश में 25 नागरिक अस्पतालों में सभी चिकित्सक कार्यरत हैं। स्वास्थ्य मंत्री धनीराम शांडिल ने यह जानकारी भाजपा विधायक हंसराज और कांग्रेस विधायक कुलदीप सिंह राठौर की ओर से पूछे गए प्रश्न के लिखित के उत्तर में दी। उन्होंने कहा कि जिलों में डाॅक्टरों की कमी चल रही है। उन्होंने एक और प्रश्न के उत्तर में कहा कि चंबा मेडिकल काॅलेज में 1 जनवरी, 2023 से 21 दिसंबर, 2023 तक बालरोग विभाग में 24,259, दंत चिकित्सा विभाग में 6,092, आपातकाल विभाग में 1,21,252, ईएनटी में 1,432, नेत्र विभाग में 12,768, औषधि विभाग में 38,545, शल्य चिकित्सा विभाग में 12,118, स्त्री लोग विभाग में 12,593, हड्डी रोग विभाग में 19,797, चमड़ी रोग विभाग में 12,026 ओपीडी दर्ज की गई है। मेडिकल कॉलेज में प्रतिदिन 10 सीटी स्कैन और 80 अल्ट्रासाउंड किए जा रहे हैं। नागरिक अस्पताल ठियोग, बड़ा गांव और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कोटगढ़ में डॉक्टरों के 8 पद रिक्त हैं। पदों को भरा जाना निरंतर प्रक्रिया है।
हिमाचल में विदेशी शिक्षण संस्थानों की भागीदारी का स्वागत : रोहित
हिमाचल में विदेशी शिक्षण संस्थानों की भागीदारी का प्रदेश सरकार स्वागत करेगी। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने गैर सरकारी सदस्य कार्य दिवस के दौरान चैतन्य शर्मा के संकल्प प्रस्ताव पर जवाब देते हुए कहा कि युवा विधायक ने शिक्षा क्षेत्र को लेकर सार्थक सुझाव दिया है। यूजीसी ने विदेशी शिक्षण संस्थानों को लेकर नियम बनाए हैं। प्रदेश सरकार विदेशी शिक्षण संस्थानों के साथ पार्टनरशिप भी कर सकती है। इतना ही नहीं, ज्वाइंट डिग्री और ड्यूल डिग्री को लेकर भी आवेदन किया जा सकता है। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने भी 4 विदेशी शिक्षण संस्थानों के साथ एमओयू किए हैं। प्रदेश सरकार ने पहली बार 102 अध्यापकों को एक्सपोजर विजिट के लिए विदेश भेजा है। सिंगापुर में प्रदेश के अध्यापक शिक्षण की आधुनिक तकनीक सीखेंगे।