दिल्ली में पांच दिनों तक मैराथन मंथन के बाद भाजपा ने आखिर छोटी दिवाली पर विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी प्रत्याशियों का एलान कर ही दिया। बुधवार को चुनावी मैदान में भाजपा ने इस बार 21 नए चेहरों को उतारा है।
टिकट आवंटन को भाजपा के जिताऊ प्रत्याशी के फार्मूले में नड्डा, धूमल और शांता कैंप से ज्यादा संघ और आंतरिक सर्वेक्षण रिपोर्टों को तरजीह मिली है। साल 2012 के मुकाबले 21 सीटों पर नए चेहरों और कांग्रेस से आए नेताओं को पार्टी ने उतारा है। सूची जारी होने के बाद कई क्षेत्रों में बगावत के सुर और तेज हो गए हैं।
ये हैं नए चेहरे
पवन नैय्यर (चंबा)
डीएस ठाकुर (डलहौजी)
कृपाल परमार (फतेहपुर)
रविंद्र धीमान (जयसिंहपुर)
अरुण कुमार (नगरोटा)
इंदु गोस्वामी (पालमपुर)
सुरेंद्र शौरी (बंजार)
अनिल शर्मा (मंडी)
कमलेश कुमारी (भोरंज)
राजेश ठाकुर (गगरेट)
जेआर कटवाल (झंडूता)
सुभाष ठाकुर (बिलासपुर)
रतन पाल सिंह (अर्की)
परमजीत सिंह पम्मी (दून)
रजनीश कश्यप (सोलन)
बलबीर चौहान (श्री रेणकाजी)
बलबीर सिंह वर्मा (चौपाल)
विजय ज्योति सेन (कसुम्पटी)
प्रमोद शर्मा (शिमला ग्रामीण)
शशी बाला (रोहड़ू)
राकेश पठानिया (नूरपुर)
एक दर्जन बड़े नेताओं का पत्ता साफ
पूर्व मंत्रियों और विधायकों समेत पार्टी के करीब एक दर्जन बड़े नेताओं का पत्ता साफ हो गया। दबाव बनाने के बावजूद पार्टी ने इन्हें प्रत्याशी नहीं बनाया है। चार सिटिंग विधायकों का टिकट कट गया है। कांग्रेस से आए चार नेताओं पर भाजपा ने इस बार दांव खेला है।
वीरभद्र सरकार में मंत्री रहे और पंडित सुखराम के बेटे अनिल शर्मा को पार्टी ने मंडी सदर से उतारा है। तमाम दावों के बावजूद पिछली बार की तरह छह ही महिलाओं को पार्टी प्रत्याशी का मौका मिला है।
चार सिटिंग विधायक सूची से बाहर
पार्टी ने वर्ष 2012 के चार सिटिंग विधायकों चंबा से बीके चौहान की जगह कांग्रेस से उनके धुर विरोधी पवन नैय्यर, भोरंज से धूमल के करीबी अनिल धीमान की जगह नए चेहरे कमलेश कुमारी, झंडूता से कई बार के विधायक रिखी राम कौंडल की जगह पूर्व आईएएस जेआर कटवाल और अर्की विधानसभा से गोविंद राम शर्मा को स्वास्थ्य कारणों से बाहर कर संघ की पृष्ठभूमि वाले रतन पाल सिंह को टिकट दिया है।
दावों के बावजूद महिलाओं को महज छह सीटें
भाजपा ने वर्ष 2012 के मुकाबले इस बार भी छह महिला प्रत्याशियों पर ही दांव खेला है। न इनमें कटौती की गई है और न बढ़ोतरी का दम दिखाया। भाजपा हाईकमान का महिलाओं को तरजीह देने के दावों की पोल लिस्ट से खुली है।
इस बार सूची में तीन नाम वर्ष 2012 के भी हैं। जबकि डलहौजी से रेणुका चड्ढा, सुजानपुर से उर्मिल ठाकुर, सोलन से कुमारी शीला, दून से विनोद कुमारी और चौपाल से सीमा देवी को बाहर का रास्ता दिखाया है।
महिला प्रत्याशी
रीता धीमान - इंदौरा
सरवीण चौधरी - शाहपुर
इंदु गोस्वामी - पालमपुर
विजय ज्योती सेन - कसुम्पटी
शशी बाला - रोहड़ू
कमलेश कुमारी - भोरंज
नहीं चला परिवारवाद
भाजपा की प्रत्याशी सूची में परिवारवाद की छाप नहीं दिखी। किसी भी नेता पुत्र या पुत्री को टिकट नहीं मिला है। नए चेहरों की तलाश भी भाजपा ने कांग्रेस, पिछले चुनाव के निर्दलियों और बागियों से की है। कांग्रेस की संभावित सूची में कई नाम आ रहे हैं। भाजपा इस मुद्दे को भी चुनाव मैदान में उछाल सकती है।
शांता-धूमल से नड्डा की मुलाकात के बाद जारी हुई सूची
प्रत्याशियों पर लंबे मंथन के बाद नाराज बताए जा रहे दोनों पूर्व मुख्यमंत्रियों शांता कुमार और प्रेम कुमार धूमल से केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने मुलाकात की। दोनों नेताओं के साथ प्रत्याशी सूची पर मंथन के बाद केंद्रीय चयन समिति के सचिव की हैसियत से जेपी नड्डा ने शाम चार बजे सूची जारी कर दी।