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हिमाचल सरकार ने कर्मचारियों को दिया तोहफा, 3000 तक का होगा फायदा

Thu, 04 Aug 2016 08:59 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
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हिमाचल सरकार ने लाखों कर्मचारियों, अफसरों और पेंशनरों को तनख्वाह पर पांच फीसदी अंतरिम राहत जारी की है। बेसिक  वेतन पर मिलने वाली इस अंतरिम राहत से 300 से 3500 रुपये तक मासिक फायदा होगा। यह लाभ एक अगस्त से मिलेगा।
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प्रदेश में लगभग पौने तीन लाख नियमित कर्मचारी और सवा लाख पेंशनर हैं। अखिल भारतीय सेवाएं अधिकारियों को यह लाभ नहीं मिलेगा।

बोर्डों, निगमों, विश्वविद्यालयों और स्वायत्त इकाइयां अपने संसाधनों के हिसाब से अंतरिम राहत पर फैसला ले सकेंगी। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की बजट घोषणा को लागू करते हुए सरकार ने कर्मचारियों और पेंशनरों के हित में यह बड़ा फैसला लिया है।

अतिरिक्त मुख्य सचिव श्रीकांत बाल्दी की ओर से जारी निर्देशों के मुताबिक कर्मचारियों को यह अंतरिम राहत अगस्त 2016 के वेतन में मिलेगी। इसे एक सितंबर को जारी किए जाने वाले वेतन में दिया जाएगा।
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महंगाई भत्ते में नहीं होगी अंतरिम राहत राशि की गणना

राज्य सरकार ने अंतरिम राहत देने की अधिसूचनाओं में स्पष्ट किया है कि अंतरिम राहत के तहत जारी धनराशि की गणना भविष्य में महंगाई भत्ता या अन्य भत्तों को देने के लिए नहीं की जाएगी। यानी कर्मचारी और पेंशनर अंतरिम राहत की राशि को आधार बनाकर इन भत्तों का दावा नहीं कर सकेंगे।

केंद्र ने घटाई जीपीएफ पर ब्याज दर
हिमाचल सरकार के एक प्रवक्ता ने कहा है कि जीपीएफ पर ब्याज दर केंद्र सरकार ने घटाई है। उन्होंने कहा कि इसे एक अप्रैल 2016 से 30 सितंबर 2016 के बीच की छमाही में घटाकर 8.1 प्रतिशत करने का फैसला केंद्र सरकार ने पहले ही कर दिया था। राज्य सरकार ने केंद्रीय निर्देश को ही लागू किया है। जीपीएफ पर ब्याज दर हर छह महीने बाद केंद्र सरकार ही तय करती है।

जोगटा ने फैसले का स्वागत किया
हिमाचल प्रदेश अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष एसएस जोगटा ने सरकार के अंतरिम राहत जारी करने के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने बजट घोषणा में कर्मचारियों और पेंशनरों से किए वायदे को पूरा किया है। जोगटा ने कहा कि जीपीएफ पर ब्याज दर को केंद्र सरकार ने घटाया है। हिमाचल को तो केंद्र के निर्देशों को मानना होता है।
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