फार्मासिस्टों के पद भी जल्द भरने का किया आग्रह संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज के नए ट्रॉमा सेंटर में नर्सों की नई भर्ती न होने से कर्मचारी परेशान हैं। कर्मचारियों का कहना है कि इससे सेंटर चलाना मुश्किल हो जाएगा। यह बात आईजीएमसी के कमेटी हॉल में दोपहर बाद आईजीएमसी और दंत चिकित्सालय कर्मचारी संघ की बैठक में कर्मचारियों ने कही। बैठक की अध्यक्षता कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष हरिंदर मेहता और महासचिव हनीश ठाकुर ने की। उन्होंने रिक्त पदों को जल्द भरने की मांग की।
बैठक में नर्सिंग लोकल यूनिट की अध्यक्ष शीतल और महासचिव ममता भारद्वाज ने बताया कि ट्राॅमा सेंटर में नई नर्सों की भर्ती का मामला उठाया। कहा कि 40 फीसदी स्टाफ के साथ कार्य करना पड़ रहा है। रात में बस सेवा के अभाव में उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ता है। लैब तकनीशियन एसोसिएशन के प्रधान राजन भीमटा और महासचिव चमनलाल बताया कि खाने के लिए कमरा और ब्लड बैंक में सिक्योरिटी गार्ड नहीं हैं। फार्मेसी एसोसिएशन ने बताया कि 23 मंजूर पदों में से केवल 5 फार्मासिस्ट हैं। रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष अरविंद पाल ने बताया कि सरकार के बार-बार आश्वासन के बाद भी 53 कर्मचारी को नियमित पे स्केल न नहीं मिला है। कर्मचारियों ने दो टूक कहा है कि उनकी मांगों को तुरंत पूरा किया जाए। महासंघ के अध्यक्ष हरिंदर सिंह मेहता ने कहा कि वह उनकी मांगों को अस्पताल प्रशासन और मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के समक्ष रखेेंगे।
रेडियोग्राफर को नहीं मिला बढ़ा मानदेय
रेडियोग्राफर संगठन के प्रधान जितेंद्र वर्मा और महासचिव चितरंजन ने बैठक में ओटीए और रेडियोग्राफरों को बढ़ा हुआ मानदेय दिलाने की मांग की। दंत चिकित्सालय संघ के महामंत्री संतोष ने बताया कि लिपिक स्टाफ की भारी कमी है। सरकार ने 11 पद स्वीकृत किए हैं लेकिन अधिकतर पद खाली पड़े हैैं। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संघ के प्रधान मोहनलाल कश्यप और दंत चिकित्सालय चतुर्थ कर्मचारी के महासचिव अनिल कुमार ने वर्दी मुहैया करवाने का आग्रह किया है।