सीपीआरआई शिमला के निदेशक डॉ. ब्रजेश सिंह ने हाल ही में वैज्ञानिकों के साथ गुजरात की आलू प्रसंस्करण व फ्रेंच फ्राइज इंडस्ट्री का दौरा किया था। फ्रेंच फ्राइज इंडस्ट्री संचालकों ने सीपीआरआई के समक्ष नई किस्में विकसित करने का प्रस्ताव रखा था। फ्रेंच फ्राइज का उत्पादन और निर्यात बढ़ाने के लिए कंपनियों को उन्नत किस्म के आलू बीज की जरूरत है। कंपनियों ने ऐसी किस्मों की मांग की है जो गुजरात, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में लगे और इनमें बीमारियों का खतरा कम हो।
वहीं, भंडारण को आधुनिक तकनीक विकसित करने की भी मांग की है, जिससे करीब 10 से 12 महीने तक आलू का भंडारण हो और फ्रेंच फ्राइज बनाने के लिए इसकी गुणवत्ता बनी रहे। सीपीआरआई के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. शैलेज सूद ने बताया कि कुफरी फ्राइसोना किस्म चिप्स बनाने के लिए खासी पसंद की जा रही है। देश में चिप्स बनाने के लिए इस्तेमाल हो रहे आलू की कुल खपत का 20 फीसदी यही किस्म है।