फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शिमला: फरवरी में ही गर्मी का अहसास, 30 फीसदी घटा जलस्तर, गहराएगा संकट

विज्ञापन
गिरी परियोजना
विज्ञापन
शिमला। विंटर सीजन में बारिश और बर्फबारी न होने के कारण शिमला शहर पर इस साल पीने के पानी का संकट मंडरा सकता है। फरवरी में ही गर्मी का अहसास हो रहा है। गिरि समेत शहर की चार पेयजल परियोजनाओं में जलस्तर काफी घट गया है। आने वाले दिनों में बारिश न हुई तो अप्रैल से पानी की राशनिंग शुरू करनी पड़ सकती है।
विज्ञापन

राजधानी की दूसरी सबसे बड़ी पेयजल परियाेजना गिरि में जलस्तर 30 फीसदी तक घट गया है। करीब 20 एमएलडी की क्षमता वाली इस परियोजना से इन दिनों औसतन 15 एमएलडी पानी ही शिमला शहर को मिल रहा है। गिरि से सप्लाई घटने के कारण शहर में अब हफ्ते में एक दिन पानी की आपूर्ति में कट लगाया जा रहा है। मार्च से गिरि से सटे गांवों में फसलों को लगाने का काम शुरू हो जाएगा। सिंचाई के लिए पानी का इस्तेमाल होने के बाद शिमला शहर के लिए पानी की आपूर्ति और घट जाएगी। बारिश न होने से पेयजल कंपनी के अफसर भी परेशान हैं। छोटी परियोजनाओं में पहले ही जलस्तर काफी कम हो गया है। अब गिरि के लगातार घटते जलस्तर से आने वाले दिनों में शहरवासियों को कैसे नियमित पानी दे पाएंगे, इसकी चिंता सताने लगी है। हालांकि, राहत ये है कि गुम्मा से अभी 20 एमएलडी से अधिक पानी शहर को मिल रहा है। इसके जलस्तर में ज्यादा कमी नहीं आई है।

चार छोटी परियोजनाओं का ये हाल
परियोजना क्षमता इन दिनों सप्लाई
कोटी बरांडी 5 एमएलडी 3 एमएलडी
चैड़ 2 एमएलडी 0.60 एमएलडी
चूरट 3.50 एमएलडी 2.50 एमएलडी
सियोग 0.60 एमएलडी 0.20 एमएलडी

कोट
बारिश न होने से जलस्तर घटा: एमडी
पेयजल कंपनी के प्रबंध निदेशक डॉ. पंकज ललित का कहना है कि गिरि के जलस्तर में लगातार कमी आ रही है। बारिश न होने के कारण जलस्तर घटा है। इस कमी को पूरा करने के लिए गुम्मा से आपूर्ति बढ़ानी पड़ी है। अभी नियमित सप्लाई दी जा रही है।
विज्ञापन


इनसेट
साल 2018 में भीषण जलसंकट झेल चुका है शिमला
शिमला शहर साल 2018 में भीषण जलसंकट झेल चुका है। 2018 में अप्रैल से लेकर जून तक लोगों को पीने लायक पानी के लिए तरसना पड़ा था। शिमला शहर में टैंकरों से लोगों को पानी देना पड़ा था। हफ्ते बाद टैंकरों से पानी भरने के लिए मालरोड तक पर लोगों की लाइनें लग गई थी। देश विदेश में शिमला के इस जलसंकट की खबरें वायरल हुई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें