हिमाचल पुलिस के जवान अब फर्राटेदार अंग्रेजी बोलेंगे। इनका आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए विभाग ने पहल की है। पुलिस कांस्टेबल के ट्रेनिंग शेड्यूल में इस बार अंग्रेजी बोलचाल पर ज्यादा जोर रहेगा। यह कवायद प्रदेश में आने वाले देशी-विदेशी सैलानियों से संवाद, कोर्ट की कार्रवाई के दौरान पुलिस कर्मियों को होने वाली परेशानी को देखते हुए शुरू की जा रही है।
पुलिस के विभिन्न ट्रेनिंग सेंटरों पर 2017 की पुलिस भर्ती के करीब साढ़े सात सौ महिला और पुरुष रिक्रूट सिपाही बनने का प्रशिक्षण लेने के लिए पहुंच गए हैं। इन्हें हिमाचल पुलिस अपने निर्धारित ट्रेनिंग कार्यक्रम में प्रशिक्षण प्रदान करेगी। इस बार प्रशिक्षण में कुछ बदलाव किए गए हैं।
अंग्रेजी बोलने और लोगों से संवाद के तरीके पर खास जोर दिया जाएगा। कोर्स तैयार करने वाले पीटीसी डरोह ने इसको लेकर पुलिस मुख्यालय से अनुमति भी ले ली है। पुलिस ट्रेनिंग कॉलेज डरोह की प्रधानाचार्या सौम्या साम्बशिवन ने बताया कि प्रदेश में हर साल लाखों की संख्या में विदेशी सैलानी आते हैं।
इसके अलावा देश के विभिन्न हिस्सों से ऐसे सैलानी भी आते हैं जो अंग्रेजी में बात करते हैं। ऐसे लोगों से जुड़े मामलों के दौरान अक्सर पुलिस कर्मी में आत्मविश्वास की कमी का असर पुलिसिंग पर दिखता है। इसी वजह से इस बार बोलने वाली अंग्रेजी को ट्रेनिंग दी जाएगी। पीड़ित या पब्लिक से कैसे व्यवहार करना चाहिए, इसका भी प्रशिक्षण दिया जाएगा।