फेसबुक, ट्विटर और वाट्सएप पर राजनीतिक विचार साझा करना सरकारी अफसरों और कर्मचारियों पर महंगा पड़ सकता है। निर्वाचन आयोग के आदेश पर राज्य सरकार ने कर्मचारियों अधिकारियों को ऐसे कंटेंट से दूरी बनाने के लिए कहा है। निर्देशों में कहा गया है कि अगर वह किसी राजनीतिक गतिविधि में शामिल हुए तो सेवा नियमों के तहत उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।