पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति पाने वाले अनुसूचित जनजाति छात्रों का मुख्यमंत्री या राज्यपाल से होगा संवाद
एचपीयू के सबसे अधिक 36 छात्र
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। जनजातीय गौरव उत्सव के तहत आयोजित किए जा रहे बिरसा लाइव्स इन न्यू भारत सप्ताह में हिमाचल प्रदेश के 103 अनुसूचित जनजाति विद्यार्थियों को विशेष संवाद सत्र में शामिल होने का अवसर मिलेगा। यह कार्यक्रम 25 से 29 मई तक आयोजित होगा जिसमें पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना से लाभान्वित छात्र मुख्यमंत्री या राज्यपाल से सीधे संवाद करेंगे।
केंद्र सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय के निर्देशों के बाद उच्च शिक्षा निदेशालय ने प्रदेश के शिक्षण संस्थानों से लाभार्थी विद्यार्थियों की सूची मांगी है। कार्यक्रम का उद्देश्य भगवान बिरसा मुंडा के योगदान और विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाना तथा जनजातीय युवाओं को शिक्षा व राष्ट्र निर्माण के प्रति प्रेरित करना है। स्कूल स्तर पर भी छात्र-छात्राओं को अवसर दिया गया है। पोर्टमोर, छोटा शिमला, लक्कड़ बाजार और लालपानी के सरकारी शिक्षण संस्थानों से भी विद्यार्थियों का चयन किया गया है। राज्य नोडल अधिकारी अंतिम प्रतिभागियों की सूची तय करेंगे। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. हरीश कुमार ने सभी संस्थानों को निर्देश दिए हैं कि वर्ष 2025-26 में पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति का लाभ लेने वाले विद्यार्थियों की सूची प्राथमिकता के आधार पर भेजी जाए ताकि कार्यक्रम में जनजातीय युवाओं की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित की जा सके।
प्रदेश में पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों में सबसे अधिक 36 छात्र हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय से हैं। इसके अलावा बहारा विश्वविद्यालय के 24, एपीजी शिमला के 10 और संजौली कॉलेज के छह विद्यार्थी सूची में शामिल किए गए हैं। वहीं राजकीय कन्या महाविद्यालय लक्कड़ बाजार से 15, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लालपानी से सात, राजीव गांधी मेमोरियल राजकीय महाविद्यालय चौड़ा और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला पोर्टमोर से दो-दो तथा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला छोटा शिमला से एक विद्यार्थी का चयन हुआ है। प्रदेशभर से कुल 103 विद्यार्थियों को इस विशेष संवाद कार्यक्रम के लिए चिह्नित किया गया है।