फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

स्टेनो टाइपिस्ट, स्टेनोग्राफरों की भर्ती पर उठा विवाद

Thu, 13 Aug 2015 11:41 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
विज्ञापन
हिमाचल प्रदेश में जुलाई में हुई क्लर्क, स्टेनो टाइपिस्ट और स्टेनोग्राफरों की भर्ती परीक्षा पर विवाद खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री कार्यालय में अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड के खिलाफ शिकायत की गई है। इसमें नतीजे निकालने से पहले पैट्रन बदलने को कहा गया है।
विज्ञापन


कुछ अभ्यर्थियों ने भर्ती नियमों की अनदेखी के आरोप लगाए हैं। अभ्यर्थियों ने शिकायत की प्रति अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड के अध्यक्ष, बोर्ड के सभी सदस्यों और सचिव को भी भेजी है। इसमें कहा गया है कि क्लर्कों, स्टेनो टाइपिस्ट और स्टेनोग्राफरों की परीक्षा के मामले में कुल टाइप शब्दों में गलतियों का मूल्यांकन करने के मामले में स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (एसएससी) के पैट्रन को अपनाया जाए।

आरक्षित और आईआरडीपी के उम्मीदवारों की गलतियों के मूल्यांकन में सात फीसदी छूट दी जाए। यह भी मांग की गई है कि आयोग टाइपिंग टेस्ट में पिछली बार के मूल्यांकन फार्मूले को दुरुस्त करे। पिछली बार हो चुकी परीक्षा में हिंदी टाइपिंग में 25 शब्द प्रति मिनट की स्पीड पर अधिकतम 30 नंबर दिए जाने थे। लेकिन जिन अभ्यर्थियों ने 25 की स्पीड पूरी की, उन्हें 20 या 22 नंबर से ज्यादा नहीं दिए गए।
विज्ञापन


जिन्होंने 46 की स्पीड पूरी की, उन्हें ही 30 नंबर तक दिए गए। उधर, अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड के सचिव विजय कुमार ने कहा कि अभी तक परीक्षा के नतीजे नहीं निकाले हैं। बोर्ड नियमों का पालन कर ही नतीजे घोषित करेगा।
विज्ञापन

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें