शोधार्थियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने हाल ही में शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर से मुलाकात कर इस संबंध में ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा है कि हिमाचल की अर्थव्यवस्था में पर्यटन क्षेत्र की अहम भूमिका है। प्रदेश में हर वर्ष करीब 1.81 करोड़ पर्यटक पहुंचते हैं, जिससे पर्यटन उद्योग का लगातार विस्तार हो रहा है।
इसके बावजूद प्रदेश के 130 से अधिक सरकारी महाविद्यालयों में टूर एंड ट्रैवल्स विषय के केवल 15 से 20 नियमित पद स्वीकृत हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि बढ़ती छात्र संख्या और विषय की आवश्यकताओं को देखते हुए यह संख्या पर्याप्त नहीं है। उन्होंने बताया कि 400 से अधिक नेट, सेट, जेआरएफ और पीएचडी योग्य अभ्यर्थी नियमित नियुक्तियों का इंतजार कर रहे हैं। अभ्यर्थियों ने सरकार से आगामी भर्ती प्रक्रिया में सहायक आचार्य (टूर एंड ट्रैवल्स) के पदों का विज्ञापन जारी करने और रिक्त पदों को जल्द भरने की मांग की है। संवाद