सीएम के गृहक्षेत्र सिराज के सिविल अस्पताल जंजैहली में युवकों के हंगामे और नर्स को मदद न मिलने के मामले में पुलिस ने एसएचओ जंजैहली समेत ड्यूटी पर तैनात स्टाफ से पूछताछ की है।
जबकि स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के बयान भी लिए गए हैं। वीरवार को डीएसपी स्तर के जांच अधिकारी जंजैहली में ही मौजूद रहे। वहीं शुक्रवार को मामले की रिपोर्ट आला अधिकारियों को सौंप दी जाएगी।
अमर उजाला में छपी खबर के बाद हड़कंप मचने पर जांच के आदेश जारी किए गए थे। दो दिन के भीतर जांच सौंपने का जिम्मा डीएसपी करसोग रामकरण को दिया गया। लेकिन अवकाश पर होने के चलते जांच पधर के डीएसपी मदनकांत कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पुलिस मामले में पारदर्शिता से जांच कर रही है। वीरवार को इस केस से संबंधित दोनों पक्षों के बयान लिए गए हैं। इसमें एसएचओ थाना जंजैहली समेत ड्यूटी पर तैनात स्टाफ, बीएमओ, चिकित्सक व स्टाफ नर्स के बयान दर्ज किए गए हैं।
तो 108 और मोबाइल पर कैसे मिल गया नंबर
पुलिस की प्रारंभिक जांच में मोबाइल सिग्नल वीक होने की बात भी सामने आ रही है। लेकिन प्रश्न उठ रहा है कि यदि मोबाइल सिग्नल वीक था या नहीं था तो स्टाफ का फोन 108 एंबुलेंस सेवा और चिकित्सक के फोन पर कैसे मिल गया। हालांकि पुलिस जांच कर रही है।