हिमाचल के सोलन जिले के नालागढ़ में कर्मचारी भविष्य निधि के पैसे जमा न करने के आरोप में दो कंपनियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। दोनों कंपनियों ने सात लाख 30 हजार रुपये की राशि श्रम एवं रोजगार मंत्रालय में जमा नहीं करवाई है। इनमें एक उद्योग ने सवा चार लाख और दूसरे उद्योग ने तीन लाख से अधिक का पैसा कामगारों का भविष्य निधि में जमा करवाना था। ऐसे में कर्मचारी भविष्य निधि विभाग के जिला अधिकारी की शिकायत पर पुलिस ने गबन का मामला दर्ज किया है। पुलिस में दर्ज रिपोर्ट में पीएफ विभाग के प्रवर्तन अधिकारी इंद्र ज्योति चौहान ने बताया कि उनके पास दो शिकायत पत्र आए थे।
इसमें एक शिकायत मैसर्ज हर्बल रिमेडिज एचपीएसआईडी इंडस्ट्रियल एरिया बद्दी के प्रबंधक सुखविंदर सिंह के खिलाफ है। इन्होंने कंपनी के कामगारों का 4 लाख 25 हजार 040 रुपये जमा नहीं करवाया है। दूसरा मैसर्ज जीसी बेवर्जिज प्राईवेट लिमिटेड प्लॉट नंबर-63 एचपीएसआईडीसी बद्दी के डायरेक्टर अखिलेश मित्तल ने कामगारों का पीएफ का 3 लाख 05 हजार 894 रुपये जमा ही नहीं किया है। उन्होंने बताया कि दोनों उद्योगों ने कर्मचारी भविष्य निधि का 7 लाख 30 हजार 34 रुपये श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के कार्यालय में जमा ही नहीं करवाया है। पुलिस अधीक्षक रोहित मालपानी ने कहा कि पुलिस ने भादंसं 405, 406 व 408 के तहत मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।