बाहरी राज्यों से हिमाचल के ऊना जिला में दाखिल हुए सैकड़ों लोगों को मैहतपुर में क्वारंटीन किया गया है। नगर परिषद के देसराज सामुदायिक भवन में क्वारंटीन पर रखे इन लोगों ने क्वारंटीन सेंटर परिसर के बाहर अमर उजाला को बताया कि उन्हें एक हॉल में रखा गया, जिनमें 89 पुरुष हैं जबकि एक दंपती है। कुल 91 लोग एक ही शौचालय का इस्तेमाल कर रहे हैं। बार-बार हाथ धोने का संदेश दिया तो जा रहा है, लेकिन यहां न हाथ धोने को साबुन है और न ही सैनिटाइजर। ऐसे में कोरोना रुकेगा या फैलेगा यह बात समझ नहीं आ रही है।
कंपनियों में काम ठप होने से बद्दी, मोहाली तथा चंडीगढ़ से अपने घरों को लौट रहे इन लोगों ने कहा कि स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र में महज औपचारिकता के लिए डॉक्टर उनका एक फार्म भर रहे हैं, न तो किसी का मेडिकल चैकअप हो रहा है और न कोई दवाई उन्हें दी गई है। कुछ देर के लिए सेंटर के बाहर निकले अंदौरा के श्रवण कुमार ने कहा कि चुनावी रैलियों में बसें भर भरकर ले जाने वाले सियासी नेता आज कहां छुपकर बैठे हैं। क्यों लोगों की समस्याएं नहीं सुन रहे। एक अन्य युवक ने सवाल उठाया कि जो उन्हें खाना दे रहे हैं क्या उन लोगों का मेडिकल चैकअप करवाया गया है या नहीं।
किसी की मां बीमार है तो कोई अपने बच्चों के बीमार होने के चलते चिंतित है। गर्भवती पत्नी के साथ क्वारंटीन किए एक जोड़े ने कहा कि अपनी पत्नी का चैकअप करवाया था, लेकिन उन्हें यहां रोक दिया गया। बेशक इन लोगों की समस्याएं गंभीर हैं, लेकिन इन्हें इस बात का भी ध्यान रखना होगा कि कोरोना जैसे बेहद खतरनाक वायरस से ज्यादा उनकी समस्या गंभीर नहीं हो सकती। लिहाजा उन्हें जिला प्रशासन के दिशा निर्देशों का पालन हर हाल में करना होगा। उधर, डीसी ऊना संदीप कुमार ने कहा कि क्वारंटीन किए लोगों को कोई भी समस्या पेश न आए इस बात का पूरा ख्याल रखा जा रहा है। वहां ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों को इसको लेकर विशेष निर्देश जारी किए गए हैं।