हाईकमान को प्रस्ताव भेजने को लेकर कांग्रेस के सभी विधायक एकमत नहीं हो पाए। धर्मशाला में कांग्रेस विधायक दल की बैठक के बाद आई सूचना के अनुसार नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री हाईकमान को महासचिव राहुल गांधी के पक्ष में प्रस्ताव भेजना चाह रहे थे। प्रस्ताव का मामला बैठक में रखने के बाद कई विधायक अड़ गए और उन्होंने कहा कि हाईकमान को प्रस्ताव भेजने की जल्दबाजी क्यों की जा रही है।
हाईकमान और कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी रजनी पाटिल को विश्वास में लिए बिना मौजूदा समय में ऐसा प्रस्ताव भेजना का कोई औचित्य नहीं है। कांग्रेस विधायकों को यह कहा गया था कि आगामी 28 जनवरी को राहुल गांधी को अध्यक्ष बनाने की घोषणा की जा सकती है और कांग्रेस विधायक दल की ओर से एक प्रस्ताव भेजने का मामला उठाया गया। ऐसा प्रस्ताव भेजने के पक्ष में अधिकांश विधायक नहीं थे और वह प्रभारी रजनी पाटिल से इस मामले को लेकर दिल्ली में टेलीफोन से संपर्क साधा।
प्रभारी से जब विधायकों ने पूछा कि क्या हाईकमान के ध्यान में ऐसा प्रस्ताव भेजने की कोई जानकारी है। उन्होंने दो टूक शब्दों में इन विधायकों को कहा कि उनको ऐसे प्रस्ताव की कोई सूचना नहीं है और न ही यह सूचना है कि राहुल गांधी को 28 जनवरी को अध्यक्ष बनाया जा रहा है। प्रभारी ने यहां तक कह दिया है कि ऐसा प्रस्ताव भेजने में कोई जल्दबाजी न की जाए।