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सीएम ने किसे कहा खुद सुलझाएं अपनी समस्याएं

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मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय की प्रदेश में कार्यरत विभिन्न शाखाओं और अन्य अनुसंधान केंद्रों में वरिष्ठ वैज्ञानिकों की तैनाती की जानी चाहिए, जिससे इन्हें सुदृढ़ किया जा सके। इन केंद्रों के सुदृढ़ीकरण से प्रदेश के बागवान एवं किसान भी लाभान्वित होंगे।
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वह सोलन के नौणी स्थित डा. यशवंत सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय में 1.50 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित किसान विश्राम गृह का लोकार्पण करने के बाद मौजूद वैज्ञानिकों, किसानों और विवि प्राध्यापकों को संबोधित करते हुए बोल रहे थे।

उन्होंने कहा कि किसान विश्राम गृह की आधारशिला भी वर्ष 2007 में रखी थी और सोमवार को उद्घाटन भी किया। उन्होंने कहा कि नौणी विवि की स्थापना की परिकल्पना प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री स्वर्गीय डा. यशवंत सिंह परमार ने की थी, जिससे प्रदेश के किसान एवं बागवान यहां होने वाले अनुसंधान से लाभान्वित हो सके।
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कहा, कर्मचारियों की समस्याएं खुद सुलझाएं

नौणी विवि के कुलपति ने उनके सामने विवि की विभिन्न समस्याओं को रखा। इस पर मुख्यमंत्री ने उन्हें परामर्श दिया कि कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं को उन्हें अपने स्तर पर सुलझाने का प्रयास करना चाहिए। हालांकि उन्होंने कहा कि सरकार इसके लिए हर संभव प्रयास करेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ऐसे संस्थानों को स्वायतता प्रदान करने में विश्वास रखती है और इन संस्थानों की दैनिक कार्यप्रणाली में किसी प्रकार का हस्तक्षेप नहीं करती। मुख्यमंत्री ने कहा कि नौणी विवि के नामकरण के मामले पर तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से भी विचार-विमर्श किया गया था।

जब इस विवि का नामकरण डा. यशवंत सिंह परमार के नाम पर करने के लिए विधेयक पारित किया जा रहा था, तो उस समय प्रदेश में विपक्ष में बैठे कुछ लोगों ने तब कठिनाइयां उत्पन्न करने का प्रयास किया था।
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सीएम ने गुलमोहर का पौधा रोपा

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय सिंह ठाकुर ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। उन्हे विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि किसानों की सुविधा के लिए प्रदेश में ऐसे पांच और विश्राम गृह निर्मित किए जाएंगे।

उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि विश्वविद्यालय के आठ कन्या छात्रावासों के लिए कामन मैस और छात्रों के छात्रावासों के मैस के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करें। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने डा. आरसी शर्मा द्वारा लिखित पुस्तक ‘विजन-2050’ तथा विश्वविद्यालय द्वारा फल उत्पादन पर प्रकाशित एक अन्य पुस्तक का विमोचन भी किया। उन्होंने इस अवसर पर गुलमोहर का पौधा भी रोपा।
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