मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा है कि विधायक प्राथमिकता के तहत किए जा रहे कार्यों का जल्द निपटारा किया जाएगा। उन्होंने यह जानकारी विधायक आशा कुमारी की ओर से पूछे प्रश्न के उत्तर में दी। उन्होंने कहा कि डलहौजी डिविजन के तहत पीडब्ल्यूडी -7 सर्कल से संबंधित 12 डीपीआर लंबित हैं। नाबार्ड के तहत इस पर कार्य किया जाना है। आशा कुमारी के विधानसभा क्षेत्र के ऐसे 9.53 करोड़ रुपये के 3 कार्यों लंबित हैं। सरकार ऐसे लंबित कार्यों को शीघ्र निपटाने का प्रयास करेगी। इसी उद्देश्य से नाबार्ड से वित्त पोषित विधायक प्राथमिकता राशि की लिमिट को 90 करोड़ से बढ़ाकर 105 करोड़ रुपये किया गया है।
उत्तराखंड के लिए बसें चलाने पर होगा एमओयू साइन
रामपुर के विधायक नंद लाल ने अपने विधानसभा क्षेत्र में एचआरटीसी के 3 बस रूट रामपुर - भुट्टी, दलाश - शिमला और रामपुर - ओडा में जल्द बस चलाने की मांग की। परिवहन मंत्री गोबिंद सिंह ठाकुर ने प्रश्न के उत्तर में कहा कि बसों के साथ स्टाफ की उपलब्धता होते ही बस चलाने पर विचार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि रामपुर - ओडा और कुछ अंतर्राज्यीय रूटों पर बसें चलाने के लिए उत्तराखंड सरकार के साथ एमओयू साइन किया जाना है। पड़ोसी राज्यों पंजाब और हरियाणा के साथ भी समझौते किए जा रहे हैं। शिमला शहर में 50 इलेक्ट्रिक बसें चलने वाली हैं। इसी तरह अन्य विधानसभा क्षेत्रों में भी मांग के अनुसार बसों को चलाने का प्रयास किया जाएगा। विधायक अर्जुन सिंह ने वन परिक्षेत्र ज्वाली के तहत कत्थे की भट्ठियों का मामला उठाया। उन्होंने इसके लिए तय मानकों की जानकारी उपलब्ध करवाने और जांच कराने की मांग की। इसके जवाब में वन मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि यदि किसी स्तर पर अनियमितता होगी, तो उसकी जांच होगी।
हिमाचल विधानसभा में सोमवार को 2019-20 के बजट पारित करने के साथ ही सत्र अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया। कटौती प्रस्तावों पर चर्चा के बाद 44,387 करोड़ के बजाय 46,971 करोड़ के सकल बजट को पारित किया गया।
इसमें करीब ढाई हजार करोड़ रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है। सोमवार दोपहर बाद चार बजे गिलोटिन लग गया, जिसके बाद बजट को पारित करने की प्रक्रिया चली। स्पीकर डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि बजट सत्र में 13 बैठकों में 56 घंटे चर्चा हुई। 436 तारांकित और 199 अतारांकित सवाल किए गए।
राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा में कुल 33 सदस्यों ने हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने चर्चा का जवाब 1 घंटा 45 मिनट तक दिया। बजट प्रस्ताव पर कुल 36 सदस्यों ने चर्चा में अपने विचार रखे।
इस चर्चा का मुख्यमंत्री ने 1 घंटा 20 मिनट तक जवाब दिया। छह अनुपूरक मांगों पर कटौती प्रस्ताव लाए गए। छह सदस्यों ने गैर सरकारी संकल्प लाए और सरकार को अहम सुझाव भी दिए।
सरकार ने एक गैर सरकारी संकल्प स्वीकार किया और सदन में छह विधेयक भी पारित किए गए। नियम 324 के तहत छह विषय उठाए गए। सदन में 35 प्रतिवेदन भी रखे गए। स्पीकर बिंदल ने कहा कि मैं चार दिन बाहर रहा और इस दौरान उपाध्यक्ष ने सदन का संचालन सही तरीके से किया।