सीआरपीएफ महानिदेशक ने इस बारे में हिमाचल पुलिस महानिदेशक को भी अवगत करा दिया है। वहीं, पुलिस मुख्यालय की ओर से संबंधित जिला पुलिस अधीक्षकों को इस बारे में जानकारी दी गई है। हिमाचल कांग्रेस के छह बागी विधायकों में सुधीर शर्मा, राजेंद्र राणा, रवि ठाकुर, चैतन्य शर्मा, देवेंद्र भुट्टो और इंद्र दत्त लखनपाल शामिल हैं। इसके अलावा तीन निर्दलीय विधायक भी इनके साथ हैं। सूत्र बताते हैं कि हिमाचल की सीआईडी इस पूरे घटनाक्रम पर नजर रखे हुए है। इसके अलावा कांग्रेस के अन्य विधायकों पर भी सीआईडी की नजरें हैं।
छह दिन से होटल में हैं बागी
हिमाचल प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र खत्म होने के बाद से बागी सीआरपीएफ की कड़ी सुरक्षा के बीच चंडीगढ़ चले गए। अभी तक ये हिमाचल नहीं आए हैं। छह दिन से ये विधायक चंडीगढ़ के एक होटल में ही रुके हैं। भाजपा के कई विधायक भी इनके साथ हैं। होटल में बैठकर आगामी मोर्चाबंदी की प्लानिंग की जा रही है।
हिमाचल में धरने प्रदर्शन, हंगामे को लेकर बढ़ाई सुरक्षा
सियासी घमासान के बीच प्रदेश में धरना, प्रदर्शन की घटनाएं भी हो रही हैं। धर्मशाला और हमीरपुर में धरना के दौरान कार्यकर्ताओं के बीच झड़पें भी हुई हैं। इसे देखते हुए पुलिस ने ऐसे घटनाक्रमों में चौकसी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। जिला पुलिस अधीक्षक को सतर्क रहने को कहा गया है। प्रदेश के जिन विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस विधायकों को अयोग्य करार दिया गया है, वहां अभी गतिरोध बना हुआ है। इसको देखते हुए पुलिस ने ये व्यवस्था की है।
पुलिस से जुड़े सूत्र बताते हैं कि जब ये विधायक हिमाचल आएंगे तब संबंधित विधानसभा क्षेत्र में माहौल बिगड़ सकता है। ऐसे में पुलिस की नजरें इन विधायकों के हिमाचल आने पर हैं। उल्लेखनीय है कि क्रॉस वोटिंग के बाद जब ये विधायक विधानसभा पहुंचे थे, उस दौरान भी विधानसभा के गेट के पास माहौल खराब हो गया था। सीआरपीएफ की कड़ी सुरक्षा के बीच इन विधायकों ने विधानसभा परिसर में प्रवेश किया। ऐसे में पुलिस सुरक्षा को लेकर किसी भी तरह का रिस्क नहीं लेना चाहती है।