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मंडी संसदीय उपचुनाव: कांग्रेस के लिए गले की फांस बना मंडी से प्रत्याशी उतारना

Sat, 07 Aug 2021 12:15 PM IST
अरविन्द ठाकुर विपिन काला, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला

सार

मंडी संसदीय क्षेत्र के उपचुनाव के लिए प्रत्याशी की तलाश को हाईकमान ने सह प्रभारी संजय दत्त को हिमाचल दौरे पर भेजा है। सह प्रभारी अर्की विधानसभा क्षेत्र का दौरा कर चुके हैं।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मंडी संसदीय उपचुनाव लड़ने के लिए फिलहाल कोई भी कांग्रेस नेता हामी भरने को तैयार नहीं हो रहा है। पार्टी के लिए प्रत्याशी उतारना फिलहाल गले की फांस बनता जा रहा है। मुख्यमंत्री पद के लिए दावेदारी जता रहे पार्टी नेता भी बैकफुट पर हैं। ये कांग्रेस नेता मुख्यमंत्री जयराम के संसदीय क्षेत्र में उपचुनाव नहीं लड़ना चाह रह। साफ है कि सरकार यह सीट जीतने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती। 

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मंडी संसदीय क्षेत्र के उपचुनाव के लिए प्रत्याशी की तलाश को हाईकमान ने सह प्रभारी संजय दत्त को हिमाचल दौरे पर भेजा है। सह प्रभारी अर्की विधानसभा क्षेत्र का दौरा कर चुके हैं। वह मंडी संसदीय क्षेत्र के नेताओं और पदाधिकारियों के संपर्क में हैं। हाईकमान ने मंडी सीट से चुनाव लड़ने के लिए पूर्व मंत्री कौल सिंह और पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की पत्नी पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह से अलग-अलग मुलाकात की है। दोनों नेताओं के समक्ष मंडी से उप चुनाव लड़ने का प्रस्ताव रखा है। 

पार्टी सूत्रों के अनुसार कौल सिंह फिर दोहरा चुके हैं कि वह वर्ष 2022 के विधानसभा का आखिरी चुनाव लड़ने के इच्छुक हैं। दूसरी ओर पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह ने भी मंडी संसदीय उप चुनाव लड़ने को लेकर अभी विचार स्पष्ट नहीं कि या है। दोनों नाम कमेटी ने दमदार नेता के रूप में सुझाए हैं। कई अन्य नामों पर भी चर्चा हो चुकी है। पार्टी नेताओं में यह चर्चा भी होने लगी है कि अगर कांग्रेस कोई कमजोर प्रत्याशी मंडी उपचुनाव में उतारती है तो हार का अंतर काफी ज्यादा हो सकता है।
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दूसरी ओर पार्टी नेता यह भी मान रहे हैं कि दमदार प्रत्याशी को पूरी ताकत लगाकर जीत दिला सकते हैं। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष कुलदीप राठौर ने बताया कि मंडी संसदीय क्षेत्र का दौरा करने के बाद पार्टी नेताओं और पदाधिकारियों से वार्ता करने के बाद ही तय होगा कि कौन पार्टी के दमदार नेता चुनाव में उतारा जा सकता है।

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