दिहाड़ीदारों की दिहाड़ी 225 रुपये प्रतिदिन से बढ़ाकर 250 रुपये की गई है। अंशकालिक कर्मियों की प्रति घंटा दरों में वृद्धि की जाएगी। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में नियुक्त 6500 से अधिक पीटीए और पैरा शिक्षकों को नियमित शिक्षकों के बराबर वेतन दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बजट भाषण में इसका एलान किया। मुख्यमंत्री ने बताया कि पीटीए, पैरा शिक्षकों की सेवाओं का शिक्षा क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। कानूनी अड़चनों के चलते इन शिक्षकों को नियमित नहीं किया जा सकता है, लेकिन इन शिक्षकों की वित्तीय कठिनाइयों से सरकार अवगत है।
ऐसे में सरकार ने फैसला लिया है कि अनुबंध पर नियुक्त ऐसे पीटीए, पैरा शिक्षकों जिन्होेंने पहली अक्तूबर 2018 तक तीन साल की सेवा पूरी कर ली है, उन्हें पे बैंड की न्यूनतम राशि जमा ग्रेड पे और महंगाई भत्ता के बराबर राशि दी जाएगी।
वर्तमान में प्रदेश के सरकारी स्कूलों में 5000 अनुबंध पीटीए, 1368 लेफ्ट आउट पीटीए और 122 पैरा नियुक्त हैं। प्रदेश सरकार ने स्कूल मैनेजमेंट कमेटी के माध्यम से नियुक्त शिक्षकों के वेतन में 20 फीसदी बढ़ोतरी करने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पीरियड बेसिस पर नियुक्त इन शिक्षकों का पारिश्रमिक बढ़ाया गया है।
3400 पैट और 1350 कंप्यूटर शिक्षक हुए निराश
सरकारी स्कूलों में नियुक्त 3400 पैट और 1350 कंप्यूटर शिक्षकों के लिए बजट में कुछ नहीं मिला। यह शिक्षक भी सरकार से वेतन बढ़ोतरी और नियमितीकरण की आस लगाए बैठे थे।
प्रदेश सरकार ने विभिन्न विभागों में नियुक्त 84 हजार से ज्यादा अस्थायी कर्मचारियों पर बजट में विशेष मेहरबानी दिखाई है। लोकसभा चुनाव की तैयारियों में जुटी जयराम सरकार मिड डे मील, आंगनबाड़ी, आशा वर्करों, वाटर गार्डों, वाटर कैरियर, चौकीदारों और पंप आपरेटरों के मानदेय में बढ़ोतरी कर दी है। वोट बैंक तक सीधे पहुंचते हुए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि अस्थायी कर्मचारियों के दर्द को सरकार भली भांति जानती है।
इनसेट
श्रेणी संख्या मानदेय अब मानदेय पहले
मिड डे मील वर्कर 25000 2000 1800
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता 18672 6300 4500
आंगनबाड़ी सहायक 18000 2250 1500
मिनी आंगनबाड़ी वर्कर 600 3500 4600
आशा वर्कर 7700 1500 1250
वाटर गार्ड 6300 3000 2100
चौकीदार 3234 4500 4150
पंप आपरेटर 2056 4000 3000
जल वाहक 3000 2400 2000