भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ेंगे
हम भाजपा में शामिल होंगे और भाजपा के टिकट पर उपचुनाव लड़ेंगे। राज्यसभा चुनाव में हमने भाजपा प्रत्याशी हर्ष महाजन के पक्ष में वोट किया, जिसके बाद से हमें प्रताड़ित किया गया। झूठे आरोप लगाकर केस बनाए। लोकतंत्र में बदले की भावना से काम नहीं किया जा सकता। हम इस सरकार के साथ नहीं चल सकते। इसलिए इस्तीफा दिया है। - होशियार सिंह, विधायक देहरा
ओछी राजनीति कर रहे मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ओछी राजनीति कर रहे हैं। हम पर और हमारे परिवार वालों पर झूठी एफआईआर करवाई जा रही हैं। प्रदेश में विकास रुका हुआ है। मुख्यमंत्री के गृह जिले से हूं, फिर भी पिछले 14 महीने से कोई काम नहीं हुआ। बिना किसी स्वार्थ के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ आगे बढ़ने का फैसला लिया है। हम भाजपा से उपचुनाव लड़ेंगे। - आशीष शर्मा, विधायक हमीरपुर
निर्दलीय विधायकों के इस्तीफे पर कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस विधायक संजय रत्न और हरीश जनारथा ने तीन निर्दलीयों को विधायकी छोड़ने पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि निर्दलीयों को अपने चुनाव क्षेत्र की जनता को बताना होगा कि विधायकी छोड़ने के पीछे आखिर क्या मजबूरी रही है। क्यों जनता पर उप-चुनाव का बोझ थोपा जा रहा है। कहा कि जब विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और भाजपा के प्रत्याशियों को हराकर मतदाताओं ने उन्हें पूरे पांच वर्ष के लिए निर्दलीय विधायक बनाया था, तो ऐसे में उन्होंने सवा साल के भीतर ही किस दबाव में विधानसभा की सदस्यता छोड़ी है। क्यों वह अपने चुनाव क्षेत्र के मतदाताओं की भावनाओं का अपमान कर रहे है। उन्होंने कहा कि इन सवालों के जवाब तीनों निर्दलीय विधायकों को देने होंगे। निश्चित रूप से तीनों ने प्रदेश की जनता की भावना से खिलवाड़ किया है और उन्हें प्रदेश की जनता को जवाब देना होगा। इस पूरे प्रकरण में भाजपा का असली चेहरा भी प्रदेश की जनता के सामने आ रहा है।