शिमला। सैंपल फेल होने के बावजूद शहरवासियों को गंदा पानी पिलाया जा रहा है। उधर, नगर निगम वीवीआईपी ड्यूटी में व्यस्त है। अफसरों से लेकर महापौर तक किसी के पास इतना वक्त नहीं कि इस गंभीर मुद्दे पर बैठक ली जाए।
गंदे पानी से शहर में पहले भी पीलिया फैल चुका है, लेकिन लंबीधार, अश्वनी के ट्यूबवेल और संजौली टैंक के सैंपल फेल होने के बावजूद हजारों लोगों को इसका पानी पिलाया जा रहा है। मंगलवार दिन भर नगर निगम के अधिकारी और प्रतिनिधि सिर्फ वीवीआईपी ड्यूटी के लिए तैयारियां करते रहे।
किसी ने ये पूछने की जहमत नहीं उठाई कि आखिर परियोजनाओं से गंदा पानी शहर को आ कैसे रहा है। निगम का कहना है कि क्लोरीनेशन बढ़ाकर पानी की सप्लाई दी जा रही है। उप-महापौर राकेश शर्मा का कहना है कि बुधवार को इस मुद्दे पर अधिकारियों की बैठक ली जाएगी।