अवैध निर्माण किया तो तीन दिन में कटेगा बिजली-पानी
शहर में अवैध निर्माण रोकने के लिए निगम आयुक्त ने जारी किए सख्त निर्देश
नोटिस का जवाब देने को मिलेंगे सिर्फ तीन दिन
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। शहर में गुपचुप तरीके से अवैध निर्माण करने वाले भवन मालिकों पर अब नगर निगम तुरंत कार्रवाई करेगा। अवैध निर्माण पाए जाने पर तीन दिन के भीतर ही भवन मालिक का बिजली और पानी का कनेक्शन कट जाएगा। शहर में अवैध निर्माण पर पूरी तरह से रोक लगाने के लिए नगर निगम सख्त कार्रवाई करने जा रहा है। इसके लिए निगम आयुक्त ने एपी शाखा को दिशा निर्देश भी जारी कर दिए हैं। अवैध निर्माण पर शिकायत मिलने के बाद निगम इसकी जांच करेगा। यदि मंजूर नक्शे से ज्यादा निर्माण पाया गया तो भवन मालिक को नोटिस जारी हो जाएगा। इसमें भवन मालिक को जवाब देने के लिए महज तीन दिन का समय मिलेगा। यदि तीन दिन में जवाब नहीं दे पाता है तो भवन का बिजली और पानी का कनेक्शन काट दिया जाएगा। निगम प्रशासन के अनुसार शहर में अवैध निर्माण को लेकर कई शिकायतें मिल रही हैं। निगम इनकी जांच भी कर रहा है। कई भवन मालिक जहां मंजूर नक्शे से ज्यादा निर्माण कर रहे हैं तो कई ऐसे भी हैं जो पुराने भवनों में विस्तार कर अब नए कमरे बना रहे हैं।
अभी तक मिलता था एक महीने का समय
अभी तक नगर निगम अवैध निर्माण को लेकर मिलने वाली शिकायतों पर भवन मालिक को नोटिस तो जारी करता था लेकिन इसमें जवाब देने का समय सात दिन से लेकर एक माह का था। वहीं, एक माह बाद भी निगम बिजली और पानी के कनेक्शन काटने जैसी कार्रवाई कम ही कर रहा था। निगम आयुक्त पंकज राय ने सख्ती बरतते हुए अब अवैध निर्माण पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। यदि निगम सख्ती बरतता है तो शहर में अवैध निर्माण पर रोक लग सकती है।
शहर में अवैध निर्माण पर पूरी तरह से रोक लगाने के लिए सख्ती बरती जा रही है। शिकायत सही पाए जाने पर तीन दिन के भीतर भवन मालिक से जवाब मांगा जाएगा। सही जवाब न मिलने पर बिजली और पानी का कनेक्शन काट दिया जाएगा।
पंकज राय, नगर निगम आयुक्त
कूड़ा न देने पर बिजली-पानी कनेक्शन काटने की तैयारी
शहर में डोर टू डोर गारबेज कलेक्शन योजना से न जुड़ने वाले परिवारों को जुर्माना और बिजली-पानी के कनेक्शन काटने की तैयारी चल रही है। निगम आयुक्त के पास ऐसे 30 परिवारों की सूची आई है जो निगम को कूड़ा नहीं दे रहे हैं। इन पर कार्रवाई के लिए दिशा निर्देश जारी कर दिए गए हैं।