IAS Artika Shukla Success Story: प्रशासनिक सेवा में शामिल होने के लिए देश में आयोजित होने वाली परीक्षा सबसे कठिन मानी जाती है। हर साल लाखों अभ्यर्थी प्रशासनिक सेवा में आने के लिए संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा में शामिल होते हैं। कड़ी मेहनत और परिश्रम के बाद यूपीएससी की परीक्षा पास कर आईएएस बनते हैं। हर वर्ष यूपीएससी परीक्षा परिणाम आने पर इसमें महिलाओं की संख्या भी अच्छी खासी होती है। इन्हीं अभ्यर्थियों में कुछ ऐसी होनहार महिलाएं भी शामिल होती हैं, जिनकी सफलता की कहानी हर किसी के लिए प्रेरणा और मार्गदर्शन का काम करती हैं। ऐसी ही एक महिला आईएएस हैं जो पेशे से डॉक्टर हैं। एमबीबीएस और एमडी की डिग्री हासिल करने के बाद उन्होंने प्रशासनिक सेवा में जाने की ठान ली। उन्होंने यूपीएससी की परीक्षा पास की और आईएएस अफसर बन गईं। करियर ने उनका जीवन बदला और ट्रेनिंग के दौरान महिला आईएएस को सहकर्मी से प्यार हो गया। ये रोचक कहानी है आईएएस अफसर अर्तिका शुक्ला की। आइए जानते हैं आईएएस अफसर अर्तिका शुक्ला की करियर और निजी जीवन में सफलता की कहानी।
आईएएस अर्तिका शुक्ला का जीवन परिचय
अर्तिका शुक्ला उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले की रहने वाली हैं। उनके पिता बृजेश शुक्ला पेशे से डॉक्टर हैं और मां लीना शुक्ला गृहणी हैं। अर्तिका के दो बड़े भाई गौरव शुक्ला और उत्कर्ष शुक्ला है। दोनों भाइयों ने भी यूपीएससी की परीक्षा पास की है। बड़े भाई गौरव ने साल 2012 में यूपीएससी की परीक्षा पास की थी। वहीं उत्कर्ष भी यूपीएससी पास करने के बाद आईआरटीएस अफसर हैं।
अर्तिका शुक्ला की शिक्षा
पढ़ाई के लिए अर्तिका वाराणसी से दिल्ली शिफ्ट हो गई थीं। उनकी शुरुआती शिक्षा सेंट जॉन स्कूल से हुई। वह बचपन से ही पढ़ाई में होनहार थीं। बाद में उन्होंने पिता की तरह की डॉक्टर बनने की सोची और मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस की डिग्री हासिल की। आगे की पढ़ाई के लिए एमडी की तैयारी शुरू की। अर्तिका पीजीआईएमईआर से एमडी कर रही थीं, उसी दौरान उनके बड़े भाई गौरव में आईएएस की तैयारी करने का सुझाव दिया।
दोनों भाइयों के करियर का भी अर्तिका पर प्रभाव था। उन्होंने एमडी बीच में ही रोककर यूपीएससी की तैयारी शुरू कर दी। हालांकि तैयारी के लिए उन्होंने कोई कोचिंग ज्वाइन नहीं की, बल्कि भाइयों ने उनकी मदद की।
अर्तिका शुक्ला ऐसे बनीं आईएएस