कुलपति ने बताया कि परास्नातक पाठ्यक्रम में इतिहास के विद्यार्थियों के लिए अगले सत्र से ‘अयोध्या की ऐतिहासिकता’ कोर (अनिवार्य) पेपर के रूप में शुरु किया जाएगा। अन्य विषयों के पीजी के विद्यार्थियों के लिए ‘अयोध्या की ऐतिहासिकता’ इलेक्टिव पेपर के रूप में शामिल होगा।
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कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि विश्वविद्यालय में ‘अयोध्या अध्ययन केन्द्र स्थापित करने का निर्णय लिया गया है। प्राचीन इतिहास और मध्यकालीन इतिहास विभाग मिलकर इसे संचालित करेंगे। इसे लेकर कार्ययोजना बनाई जा रही है।