राजस्थान के चित्तोड़गढ में एक हृदयविदारक वाक्या सामने आया है। जहां एक युवक ने अपने दोस्त के साथ मिलकर पड़ोसी के पूरे परिवार को काट डाला। युवक को शक था कि पडोसी ने काले जादू से उसके पिता की हत्या करवाई है।
अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के अनुसार आरोपी शराफत अली खान ने अपने दोस्त के साथ मिलकर पड़ोसी युनूस (35) उसकी पत्नी सोनिया (32) उनके चार बच्चों अशरफ (10), गुडिया (5), आशिमा (3) और शकीना (1) की तलवार से काटकर नृशंस हत्या कर दी।
युनूस और सोनिया के शव भिलवाडा जिले के एक नाले से बरामद किए गए जबकि उनके बच्चों के शव रायला ब्लाक के तालाब से बरामद किए गए। पुलिस के अनुसार हत्यारोपी शराफत के पिता सलीम की एक महीने पहले मौत हो गई थी।
हत्या के लिए पूरे परिवार को साथ ले गया अजमेर
वहीं आसपास के इलाके में शराफत के पड़ोसी युनूस की पहचान लोग काला जादू और तंत्रमंत्र करने वाले के तौर पर थी। शराफत को यकीन था की उसके पिता की मौत के लिए युनूस ही जिम्मेदार है।
इसी कड़ी में शराफत ने युनूस के परिवार को अपने पिता की मौत के 40वें पर अजमेर चलने के लिए राजी किया। रविवार को शराफत उसका दोस्त राजेश खटीक और युनूस का परिवार सभी अजमेर के लिए रवाना हुए।
सोमवार की रात जब युनूस और उसकी पत्नी सोने के लिए गए तभी शराफत और उसके दोस्त राजेश ने दोनों को दबोच लिया और तलवार से उन्हें मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद उनके बच्चों को भी एक एक कर मार डाला।
मृतक की कमीज के टैग से खुला हत्या का राज
दोनों ने बच्चों के शवों को कुछ दूरी पर रायसिंहपुरा के एक तालाब में फेंक दिया। इसके बाद आरोपियों ने वहां से 40 किलोमीटर दूर पति पत्नी के शव को भी ठिकाने लगा दिया।
भीलवाड़ा के एसपी हेमंत शर्मा ने बताया कि पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एसपी के अनुसार मृतक युनूस की शिनाख्त उसके द्वारा पहनी गई शर्ट पर लगे टैग से हुई। जिस पर टेलर का एड्रेस लिखा हुआ था।
एक बार शवों की शिनाख्त करने के बाद जांच की तो पता चला कि युनूस और सोनिया शराफत और उसके दोस्त के साथ गए थे। उनसे पूछताछ की गई तो उन्होंने सारी कहानी बंया कर दी। जिसके बाद बाकी शवों को भी बरामद कर लिया गया।