उदयपुर के सलूम्बर में बोहरवाड़ी स्थित एक निजी स्कूल में स्कूल की संचालिका शैबा सेम्युअल ने फंदा लगा आत्महत्या कर ली। मौके पर सुसाइड नोट मिला है। युवती ने आत्महत्या से पूर्व विद्यालय की एक सीट के पीछे अंग्रेजी में सुसाइड नोट लिखा, जिसमें उसने लिखा कि मुझे माफ कर देना पापा, चेतन ने मुझे मरने को मजबूर कर दिया, उसने मुझे जीते जी मार डाला, अब मैं तड़प कर जीना नही चाहती, माफ कर दो नहीं तो चेतन मुझे मार डालेगा।
शैवा के पिता ने पुलिस को बताया कि सुसाइड नोट में जिस चेतन का उल्लेख है वह उनके उदयपुर स्थित विद्यालय में वैन का चालक था। इस वर्ष उसको काम पर नहीं रखा है। पूर्व में भी उसने शैवा को परेशान किया था, जिसकी वजह से उसे दो बार केरल भेजना पड़ा। पुलिस ने युवती के पिता की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गुमसुम रहने लगी थी पीडि़ता
पुलिस जांच में जुट गई है और उदयपुर निवासी एक युवक द्वारा परेशान करने की बात सामने आई हैं। मूलत: उदयपुर के सवीना निवासी शैबा (19) पुत्री बोहरवाडी में फैलोशिप एकेडमी स्कूल चलाती थी और परिसर में ही एक कमरे में रहती थी।
वह नया शिक्षा सत्र शुरू होने के चलते 30 जून को उदयपुर से यहां आई थी। तब से गुमसुम रहती थी । लोगों से बातचीत करना भी कम कर दिया था। सुबह घटना का पता लगने पर डीएसपी अभयसिंह भाटी, थानाधिकारी हेरंब जोशी मौके पर पहुंचे और शव को नीचे उतरवा स्थानीय चिकित्सालय पहुंचाया। जहां पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
आस-पास वालों को नहीं लगी भनक
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आस-पास रहनेवालों को घटना की भनक तक नहीं लगी थी। बोहरवाड़ी स्थित स्कूल परिसर छोटा है यहां दूसरे माले में विद्यालय चलता है। नीचे के कमरों में एक विद्यालय का कार्यालय है।
उसके पास दो कमरे में से एक में युवती रहती थी व दूसरे में विद्यालय का एक शिक्षक अपने परिवार के साथ रहता है। उनसे पता करने पर बताया कि उन्हें घटना की भनक तक नहीं लगी। आत्म हत्या का मामला सामने आने के बाद सभी आस-पास वाले चौंक गए।