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राजस्थान: परीक्षाओं में स्मार्ट चश्मे से नकल रोकने के लिए लगेंगे लॉ पावर जैमर, बोर्ड ने सरकार को भेजा प्रस्ताव

Sun, 01 Nov 2026 12:08 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड प्रतियोगी परीक्षाओं में स्मार्ट चश्मों से नकल रोकने के लिए हर परीक्षा कक्ष में लो पावर जैमर लगाने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए सरकार को प्रस्ताव भेजा गया है। जैमर वाई-फाई और ब्लूटूथ कनेक्टिविटी बाधित करेंगे। बोर्ड पहले ही बायोमीट्रिक जांच और सीसीटीवी निगरानी शुरू कर चुका है।
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राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने ली थी पीटीआई भर्ती परीक्षा।
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विस्तार
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राजस्थान में प्रतियोगी परीक्षाओं में मेटा ग्लासेस जैसे आधुनिक उपकरणों से होने वाली नकल को रोकने के लिए कर्मचारी चयन बोर्ड तकनीक के जरिये सुरक्षा का दायरा बढ़ाएगा। बोर्ड अपनी आगामी परीक्षाओं के हर कक्ष में लॉ पावर जैमर लगाएगा। इसके लिए राज्य सरकार को प्रस्ताव भेज दिया गया है। यह जैमर केवल परीक्षा कक्ष के भीतर ही कनेक्टिविटी को बाधित करता है, जिससे परीक्षा केंद्र के बाहर आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।
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स्मार्ट चश्मे से नकल का खतरा
मेटा ग्लासेस सामान्य चश्मे की तरह दिखाई देने वाले स्मार्ट चश्मे हैं। इनमें छोटे कैमरे, माइक्रोफोन, स्पीकर और ब्लूटूथ जैसी तकनीक लगी होती है। अभ्यर्थी बिना मोबाइल हाथ में लिए परीक्षा केंद्र में बैठकर चश्मे के कैमरे से प्रश्नपत्र की फोटो या वीडियो रिकॉर्ड कर सकता है। इसके बाद अभ्यर्थी ब्लूटूथ और इंटरनेट कनेक्टिविटी के माध्यम से इस जानकारी को केंद्र से बाहर भेजकर उत्तर प्राप्त कर सकता है।

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जैमर से कैसे बाधित होगी कनेक्टिविटी
परीक्षा केंद्रों पर अधिकृत रूप से लगने वाला जैमर निर्धारित क्षेत्र में वायरलेस रेडियो सिग्नल को रोकता है। इससे वाई-फाई और ब्लूटूथ जैसे वायरलेस कनेक्शन पूरी तरह बाधित हो जाते हैं। इस व्यवस्था से स्मार्ट चश्मे का मोबाइल से संपर्क टूट जाता है और रिकॉर्ड किया गया डेटा तुरंत बाहर नहीं भेजा जा सकता। हालांकि, जैमर चश्मे के कैमरे को पूरी तरह बंद नहीं करता, वह अपनी मेमोरी में ऑफलाइन वीडियो सुरक्षित रख सकता है।
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प्रक्रिया में पारदर्शिता की कोशिश
कर्मचारी चयन बोर्ड परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए यह प्रयास कर रहा है। चयन बोर्ड परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की बायोमीट्रिक जांच शुरू कर चुका है और कक्षों में सीसीटीवी कैमरे लगा रहा है। बोर्ड अध्यक्ष आलोक राज के अनुसार, लॉ पावर जैमर की व्यवस्था लागू होने पर परीक्षा केंद्रों की निगरानी और इलेक्ट्रॉनिक सुरक्षा को और अधिक मजबूती मिलेगी।
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