सचिन पायलट और गुलाबचंद कटारिया
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भाजपा के प्रदेश इकाई ने विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी के घर पहुंत कर ज्ञापन दिया जिसमें 91 विधायकों के इस्तीफे को लेकर संविधानिक करवाई और पद पर कार्यरत होने का विरोध किया गया। भाजपा प्रदेश इकाई के अध्यक्ष सतीश पूनिया, नेता प्रतिपक्ष गुलाब चंद कटारिया सहित अन्य नेतागण शामिल हुए। इसे ज्ञापन समारोह इसलिए भी कहा जा सकता है क्योंकि भाजपा की महज एक औपचारिकता ही है। जिसमें प्रदेश के मीडिया का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया गया है।
कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव के अगले ही दिन भाजपा ने विधानसभा अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन सौंपकर ये कांग्रेस आलाकमान पर प्रेशर बनाने का ही एक तरीका नजर आ रहा है। जिसके माध्यम से भाजपा प्रदेश में कांग्रेस की उठापटक का राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास करती नजर आ रही है। भाजपा के नेताओं ने कांग्रेस पार्टी के नेताओं पर आरोप लगाया है कि जनता के साथ मजाक किया गया है। नेताओं का कहना है कि कांग्रेस विधायकों ने इस्तीफा दे दिया था पर वो अब भी अपने पद पर बने हुए हैं, ये राजस्थान की जनता के साथ एक भद्दा मजाक है।
वहीं सचिन पायलट का भाजपा नेता समर्थन करते दिख रहे हैं। ये भाजपा का गुर्जर समाज को साधने का एक कोशिश है। कर्नल बैसला की अस्थि विसर्जन कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस के नेताओं का विरोध किया गया। यहां तक की मंत्री अशोक चांदना पर जूते फेंके गए थे। दूसरी तरफ भाजपा के नेताओं को मंच देकर अपनी बात कहने का मौका दिया गया था। उसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए भाजपा गुर्जर समाज को संदेश देने के प्रयास में है कि भाजपा सचिन पायलट को मुख्यमंत्री बनाने के लिए प्रयासरत है।
राजस्थान में चुनावी हलचल शरू हो चुकी है और दोनों हो राजनीतिक दल अपनी पूरी ताकत और समझ बुझ से जातीय समीकरण को बिठाने में लग गए है। भाजपा अपने कोर वोटर ग्रुप के साथ गुर्जर समाज जो कि 2018 में भाजपा से छिटक गया था, उसको साधने में लग चुकी है।
गुर्जर समाज की वजह से 2018 में भाजपा को 20 सीट का नुकसान हुआ था। जिसकी भरपाई के लिए भाजपा एक भी मौका गंवाने को तैयार नहीं है। अगर विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी सभी के इस्तीफे मंजूर करते है तो सरकार अल्प मत में आ जाएगी। चुनाव 2023 से पहले ही करवाने पड़ेंगे, जो कि जनता पर ही एक भार होगा। राजनीतिक दलों पर जितनी भी प्रगति कि योजना और काम है, सब ठप हो जाएंगे परंतु राजनीति में सब जायज है।