राजस्थान भर में रविवार को RAS परीक्षा होने जा रही है, जिसके लिए दौसा जिला प्रशासन ने पूरी तरह कमर कस ली है। दौसा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बजरंग सिंह शेखावत ने बताया कि जिले के तमाम सेंटरों पर सुरक्षा के माकूल इंतजामात किए गए हैं। किसी भी सूरत में नकल नहीं होने दी जाएगी।
पूर्व में प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर कई मामले सामने आए, जिनमें पेपर लीक और नकल बड़ा मुद्दा रहा है। विधानसभा चुनाव से पहले होने जाने जा रही RAS परीक्षा में पेपर की सुरक्षा और नकल रोकना प्रतिष्ठा का सवाल है। यह अब सरकार के लिए कड़ी चुनौती है।
दौसा जिले में होने वाली RAS की परीक्षा में 38 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। उन पर 13,154 परीक्षार्थी इस परीक्षा में बैठेंगे। तमाम परीक्षा केंद्रों के ऊपर एक महिला कांस्टेबल, एक पुरुष कांस्टेबल तैनात किए गए हैं। तमाम सेंटरों के बाहर भी दो-दो पुलिस का अतिरिक्त जाब्ता तैनात रहेगा। जो आसपास के इलाके में होने वाली अवांछित गतिविधियों पर नजर रखेगा।
एडिशनल एसपी बजरंग सिंह ने बताया कि छह मोबाइल पार्टी टीम परीक्षा केंद्रों पर गश्त करेगी। उपखंड अधिकारी, पुलिस उपाधीक्षक सहित जिला प्रशासन के सीनियर अधिकारी के साथ में पुलिस का एक कांस्टेबल परीक्षा केंद्रों पर तैनात किए जाएंगे। परीक्षार्थियों को सुबह 10 बजे तक ही प्रवेश मिलेगा। नकल रोकथाम करने के लिए पूरी तरह प्रशासन अलर्ट मोड पर है।
इंटरनेट सेवा पर एडिशनल एसपी बजरंग सिंह शेखावत ने कहा कि इंटरनेट बंदी बारे में जिला प्रशासन के अधिकारी निर्णय करेंगे। एडिशनल एसपी बजरंग सिंह शेखावत ने कहा है कि परीक्षाओं को शांतिपूर्वक करवाने के लिए पुलिस प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है। ऐसे में बीते कुछ सालों से हो रहे पेपर लीक मामले जैसी घटना शायद अब नहीं होगी, क्योंकि प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैदी का दावा कर रहा है।