थ्रेसर से चूरमा पीसने के बाद JCB मशीन से मिलाया घी, बूरा और मेवा
पारंपरिक बाटियों की थ्रेसर से पिसाई करने के बाद चूरमे में जेसीबी मशीन से देसी घी, बूरा, काजू, बादाम, किशमिश जैसे मेवों सहित कई सामग्री मिलाई गई। पिछली बार भैरूंजी के मंदिर में 290 क्विंटल चूरमे का भोग लगाया गया था। लेकिन अबकी बार श्रद्धालुओं के बड़ी तादाद में आने की संभावना पर ग्रामीणों की सहमति से प्रसादी को बढ़ाया गया है।
मंदिर वार्षिकोत्सव पर हेलीकॉप्टर से होगी पुष्प वर्षा, सचिन पायलट भी आएंगे
मंदिर में वार्षिकोत्सव पर भंडारा आयोजित होगा और दिन में कई लोक कलाकार धमाल की प्रस्तुति भी देंगे। इसके अलावा भैरू बाबा मंदिर पर हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की जाएगी। ग्रामीणों ने बताया मेले में चीफ गेस्ट के तौर पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट भी शिरकत करेंगे। उन्हें आमंत्रित किया गया है।
इस तरह 350 क्विंटल चूरमा प्रसाद बनाया गया
- 120 क्विंटल आटा
- 50 क्विटंल सूजी
- 25 क्विंटल देसी घी
- 80 क्विंटल चीनी
- 10 क्विटंल मावा
- 3 क्विंटल काजू
- 3 क्विंटल बादाम
- 3 क्विंटल किशमिश
- 7 क्विंटल कटिंग मिश्री
- 3 क्विंटल खोपरा
- 50 क्विंटल दूध
भंडारे में दाल, बाटी और दही भी परोसे जाएंगे
भंडारे में दाल, बाटी, दही भी परोसे जाएंगे। इसके लिए हलवाईयों की बड़ी टीम काम कर रही है। स्थानीय ग्रामीण टैंकरों और ट्रैक्टरों की मदद से पानी और अन्य सामग्रियों का प्रबंध कर रहे हैं। 70 क्विंटल दही इस्तेमाल होगा। दाल बनाने के लिए 25 क्विंटल दाल, 30 पीपे सरसों तेल,5 क्विंटल टमाटर, 2 क्विंटल हरी मिर्च, 1 क्विंटल हरा धनिया, 60 किलो लाल मिर्च, 60 किलो हल्दी, 40 किलो जीरा इस्तेमाल होगा। आटे के सैंकड़ों कट्टे पिसवाकर तैयार करवाए गए हैं। प्रसादी का भोजन परोसने के लिए 2 लाख पत्तल दोने, 4 लाख कप, 10 टैंकर पानी का इंतज़ाम होगा। भंडारे में 21 स्कूलों के करीब 5 हजार स्टूडेंट्स, 3 हजार स्थानीय गांवों के पुरूष स्वयंसेवक-कार्यकर्ता, 500 महिला स्वयंसेवक जुटेंगे।
सुरक्षा बंदोबस्त होंगे चाक चौबंद
बड़े मेले को देखते हुए ग्रामीण पुलिस के कई थानों की पुलिस मौके पर तैनात रहेगी। ट्रैफिक नियंत्रण के लिए भी अलग से जवान तैनात रहेंगे। एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड और भीड़ नियंत्रण के लिए वालंटियर्स तैनात किए जाएंगे।