फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kota: मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में पैंथर से बचने के लिए बैल का संघर्ष, जबड़े से खुद को बचाकर भागा; वीडियो

Mon, 12 Jan 2026 07:39 PM IST
कोटा ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोटा

सार

Kota News: मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में पैंथर और मवेशी के बीच दो मिनट के जोरदार संघर्ष का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें देखा जा सकता है कि मवेशी ने साहस और मजबूती दिखाकर पैंथर को पीछे हटने पर मजबूर कर दिया। वहीं, वन विभाग ने इस वीडियो की पुष्टि की है।
विज्ञापन
पैंथर की चुंगल से खुद को छुड़ाता बैल - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में पैंथर और बैल के बीच दो मिनट के जोरदार संघर्ष का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें देखा जा सकता है कि मवेशी ने साहस और मजबूती दिखाकर पैंथर को पीछे हटने पर मजबूर कर दिया। वहीं, वन विभाग ने इस वीडियो की पुष्टि की है।  
विज्ञापन


वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
राजस्थान के कोटा जिले में स्थित मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व से एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। वीडियो में पैंथर और एक मवेशी के बीच जोरदार संघर्ष दिखाई दे रहा है। लगभग दो मिनट तक चले इस संघर्ष में पैंथर ने पूरी ताकत से मवेशी को काबू करने की कोशिश की, लेकिन मवेशी अपनी मजबूती और साहस से पैंथर को पीछे धकेलते हुए वहां से चला गया। अंततः पैंथर को हार माननी पड़ी और वह जंगल की ओर लौट गया। यह घटना रिजर्व के कोलीपुरा रेंज में हुई।

विज्ञापन


कोलीपुरा रेंज के जंगलों का है वीडियो 
वन विभाग ने मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में इस घटना की जांच के बाद इसे सत्यापित किया है। बताया गया है कि यह वीडियो रावतभाटा क्षेत्र के कोलीपुरा रेंज के जंगलों का है और इसे रविवार को बनाया गया था। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वीडियो किसने बनाया। वीडियो में यह भी साफ नहीं है कि मवेशी स्थानीय लोगों का था या रिजर्व का हिस्सा।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: आनंदपाल गैंग के गैंगस्टर सुभाष बानूड़ा की कोर्ट में हुई पेशी, हाई सिक्योरिटी जेल से लाया गया सीकर

इलाके में 100 से ज्यादा पैंथर
मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में वर्तमान में छह बाघ मौजूद हैं। वहीं, रिजर्व की बाहरी सीमा और आसपास के क्षेत्रों में लगभग 100 से अधिक पैंथर पाए जाते हैं। इन पैंथरों की संख्या लगातार बढ़ रही है, क्योंकि जंगल में उन्हें पर्याप्त शिकार आसानी से मिल रहा है। कई बार पैंथरों को कोटा-रावतभाटा रोड पर और चंबल नदी की सफारी के दौरान भी देखा जा चुका है। वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि यह स्थिति पर्यावरण के लिए सकारात्मक संकेत है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें