पाली में बाली के सरकारी हॉस्पिटल में कार्यरत कोविड हेल्थ सहायक की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में खुलासा हुआ कि जितेंद्रपाल मेघवाल और आरोपी के बीच सोशल मीडिया पर कोल्ड वॉर चलता था। जितेंद्र ने सोशल मीडिया पर लिखा था कि मैं अमीर नहीं हूं लेकिन दिल से रॉयल हूं। जितेंद्र का स्टाइल देखकर आरोपी सूरज सिंह जलता था। यहीं जलन नफरत में बदल गई और उसने चाकू से पीठ और सीने पर वारकर जितेंद्र को मौत के घाट उतार दिया।
वहीं वारदात के बाद मृतक के परिजन धरने पर बैठ गए थे। मृतक के परिजन ने आरोपी की गिरफ्तारी तक शव लेने से इनकार कर दिया था। अब आरोपी की गिरफ्तारी के बाद उन्होंने धरना समाप्त कर दिया है। पुलिस ने पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंपा। चिता को अग्नि देते हुए मृतक के भाई ने कहा कि हत्यारे को सख्त सजा मिले।
आरोपी ने पोस्ट की थी वीडियो
आरोपी सूरज का इंस्टाग्राम पर ‘किंग ऑफ गोडवाड” नाम से आईडी है। वह खुद को गोडवाड़ का किंग कहलाना पसंद करता था। उसके इंस्टाग्राम रील पर पंजाबी और हरियाणा गानों पर काफी वीडियो बने हुए हैं। सूरज ने 13 फरवरी को इंस्टाग्राम रील पर एक वीडियो अपलोड किया था। वह कार में बैठा था और गाने के बोल चल रहे थे। वह बोल रहा था– छोड़ेंगे नहीं, बुरा इतना लगा हैं बात का। तोड़ेंगे तो ढंग से तोड़ेंगे फिर क्या फायदा वारदात का, हम तुम्हें मारेंगे और जरूर मारेंगे।
पीड़ित परिवार को सरकारी नौकरी देने की मांग
युवक की मौत के बाद एसपी राजन दुष्यंत ने आरोपी को पकड़ने के लिए टीम का गठन किया था। पुलिस को आरोपी सूरज और रमेश सिंह के बाड़मेर जिले के पचपदरा के दूदवा गांव के निकट छुपे होने की जानकारी मिली थी। गुरुवार को दोनों आरोपी को बाड़मेर से पकड़कर पाली लाया गया। विधानसभा में बाली विधायक पुष्पेंद्र सिंह राणावत और मारवाड़ जंक्शन विधायक खुशवीर सिंह जोजावर ने जितेंद्र मेघवाल की हत्या का मामला उठाया था। उन्होंने आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार करने, पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने एवं परिवार के सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की थी।