मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि शिक्षा केवल रोजगार का माध्यम ही नहीं है। बल्कि संपूर्ण व्यक्तित्व के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। युवा वर्ग को सही दिशा देकर ही किसी भी राष्ट्र और समाज का सर्वांगीण विकास संभव है तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उस युवा के विकास की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने किसान, महिला, गरीब एवं युवा वर्ग के हित में अनेक निर्णय लिए हैं, जिससे आपणो अग्रणी राजस्थान की संकल्पना तेजी से साकार हो रही है।
उन्होंने कहा कि आज हुए इन लोकार्पण से विद्यार्थियों को सभी सुविधाओं से युक्त नए भवन और क्लासरूम मिलेंगे तथा उनकी पढ़ाई सुगम होगी। इन 50 महाविद्यालयों में 26 हजार 370 विद्यार्थी इन नवीन सुविधाओं से लाभान्वित हो सकेंगे।
युवाओं को सशक्त बनाना राज्य सरकार का विजन
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाकर उनको सशक्त बनाने के मजबूत विजन के साथ काम कर रही है। प्रदेश सरकार द्वारा 5 वर्षों में 4 लाख सरकारी पदों पर भर्तियाँ की जाएंगी और इस वर्ष एक लाख से अधिक पदों पर भर्ती की जा रही है। इसी क्रम में सहायक आचार्य के 1936, शारीरिक शिक्षकों के 247 एवं पुस्तकालय अध्यक्ष के 247 पदों पर भर्ती हेतु लिखित परीक्षा संपन्न हो चुकी है। उन्होंने कहा कि हम जो कहते हैं वो करके भी दिखाते हैं।
शर्मा ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 का पालन करते हुए प्रदेश में शिक्षा के विकास के लिए 2024-25 से महाविद्यालयों में सेमेस्टर प्रणाली आरंभ कर दी गई है। अब विद्यार्थी अपनी रुचि के अनुसार विषयों और पाठ्यक्रमों का चुनाव कर सकता है। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में विद्यार्थियों के लिए कौशल विकास के पाठ्यक्रम सम्मिलित किए जा रहे हैं जिससे विद्यार्थी अध्ययन के साथ रोजगारपरक कौशल प्राप्त कर सकें।
शिक्षा के क्षेत्र में नित नए आयाम हो रहे स्थापित
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा युवावर्ग के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा क्षेत्र में नित नए आयाम स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा 37 नए राजकीय महाविद्यालय खोले जाएंगे जिनमें 20 सह-शिक्षा, 13 कन्या एवं 4 कृषि महाविद्यालय शामिल हैं। उन्होंने कहा कि संकल्प पत्र में किए गए प्रत्येक वादे को राज्य सरकार पूरा कर रही है। प्रदेश में 1 हजार 27 करोड़ 20 लाख रुपये की लागत से 192 महाविद्यालयों के भवनों का निर्माण कार्य शीघ्र ही पूर्ण करवा दिया जाएगा। इससे अस्थायी भवनों में संचालित महाविद्यालयों को स्थायी भवन में संचालित किया जा सकेगा।
डबल इंजन की सरकार युवाओं के हित में ले रही अहम फैसले
शर्मा ने कहा कि हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन की सरकार युवाओं के विकास के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। इससे प्रदेश के शैक्षिक संस्थानों के नवनिर्माण, रिसर्च-कौशल विकास, राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी एवं अन्य शैक्षणिक गतिविधियां बेहतरीन रूप से संपादित हो रही हैं। शर्मा ने कहा कि प्रत्येक युवा देश-विदेश के उच्च शिक्षण संस्थानों में पढ़ने का सपना देखता है। राज्य सरकार ने इसी सपने को हकीकत में बदलते हुए स्वामी विवेकानंद स्कॉलरशिप फॉर एकेडमिक एक्सीलेंस योजना शुरू की है। यह योजना विद्यार्थियों को देश और विदेश में उच्च शिक्षा प्राप्त करने के अवसर प्रदान कर रही है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत प्रदेशवासियों से अधिक से अधिक संख्या में वृक्षारोपण की अपील की।
बजट में रखा गया जैसलमेर का पूरा ध्यान
शर्मा ने कहा कि जैसलमेर के चहुंमुखी विकास के लिए बजट में अनेक घोषणाएं की गई हैं और प्रदेश सरकार ने इन्हें धरातल पर उतारना भी शुरू कर दिया है। बोडाना में सोलर पार्क, डांगरी में 132 केवी जीएसएस, लगभग 39 करोड़ रूपये की लागत से सड़क निर्माण कार्य, खाभा फोर्ट परिसर में जीवाश्म पार्क व ओपन रॉक्स म्यूजियम तथा राष्ट्रीय मरू उद्यान में गजाई माता, चौहानी, सुदासरी एवं रामदेवरा में नए एनक्लोजर स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि लखा के उप स्वास्थ्य केंद्र को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में, लखा के पशु चिकित्सालय को प्रथम श्रेणी पशु चिकित्सालय में, पूनम नगर के पीएचसी को सीएचसी में, रायमला के उप स्वास्थ्य केंद्र को पीएचसी में तथा झिनझिनयाली उप तहसील को तहसील में क्रमोन्नत किया जाएगा। साथ ही, जैसलमेर में जीरा मंडी की स्थापना की जाएगी।
शर्मा ने कहा कि 23 करोड़ रुपये की लागत से इंदिरा गांधी मुख्य नहर के बेहतर संचालन एवं नियंत्रण के लिए स्काडा सिस्टम बनाया जाएगा। 250-250 करोड़ रुपये की लागत से सागरमल गोपा शाखा प्रणाली का जीर्णाद्धार तथा इंदिरा गांधी मुख्य नहर में विकास कार्य करवाए जाएंगे। उप मुख्यमंत्री एवं उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने कहा कि राज्य सरकार राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को लागू कर रही है जिससे उच्च शिक्षा में सकारात्मक बदलाव आ रहे हैं। राज्य सरकार युवा पीढ़ी को रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध करवा रही है जिससे छात्रों को उद्योग एवं आधुनिक तकनीक के अनुरूप रोजगार के अवसर मिल सकेंगे। डॉ. बैरवा ने भामाशाहों से भी शिक्षा क्षेत्र में योगदान करने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने जैसलमेर में बीएसएफ चौकी का किया दौरा
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि हमारे जवानों द्वारा सीमा पर मुस्तैदी से की जा रही चौकसी के कारण ही देश की जनता सुरक्षित है और देश में अमन-चैन कायम है। उन्होंने कहां कि सीमा सुरक्षा बल के जवान राष्ट्र के हर व्यक्ति के लिए वंदनीय है।
शर्मा बुधवार को जैसलमेर में भारत-पाक सीमा पर स्थित बाबलियानवाला चौकी पर तैनात बीएसएफ के जवानों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने जवानों के पुरुषार्थ की प्रशंसा करते हुए कहा कि कड़ी धूप में जहां आम व्यक्ति के लिए कुछ मिनट भी खड़े रहना मुश्किल होता है, वहीं हमारे जांबाज सीमा प्रहरी राष्ट्रभक्ति के भाव से सीमा पर मुस्तैदी से चौकसी करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जवानों के बीच आकर उन्हें नई ऊर्जा का अहसास हो रहा है और ये पल उनके लिए अविस्मरणीय रहेगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सदैव सीमा सुरक्षा बल के साथ है और सरकार की ओर से उन्हें हर संभव सुविधाएं और सहायता उपलब्ध करवायी जाएंगी।
मुख्यमंत्री ने जवानों को दी स्वाधीनता दिवस की बधाई
इस दौरान मुख्यमंत्री शर्मा ने बाबलियानवाला सीमा चौकी का दौरा किया एवं दूरबीन से सीमा का अवलोकन किया। उन्होंने जवानों एवं अधिकारियों से भी मुलाकात की और उन्हें स्वाधीनता दिवस की बधाई देते हुए मिठाई वितरित की। महिला जवानों ने मुख्यमंत्री को रक्षा सूत्र भी बांधें। सीमा सुरक्षा बल के महानिरीक्षक एम.एल. गर्ग, उप महानिरीक्षक श्री योगेन्द्र सिंह राठौड एवं 166 बटालियन के कमाण्डेंट श्री वीरेन्द्र प्रताप सिंह ने स्मृति चिन्ह् भेट कर मुख्यमंत्री का अभिनन्दन किया।
मुख्यमंत्री ने किए मां तनोटराय के दर्शन
इससे पहले मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने आदिशक्ति मां तनोटराय के दर्शन किए एवं पूजा-अर्चना की। उन्होंने देश व प्रदेश में सुख-समृद्वि तथा खुशहाली की मंगल कामना की। मुख्यमंत्री ने वहां स्थित शिव मन्दिर के भी दर्शन किए एवं परिसर में स्थित विजय स्तम्भ पर पुष्पचक्र अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी।