राजस्थान के उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने हाल ही में सोशल मीडिया पर उनके बेटे का वीडियो वायरल होने के बाद हो रही आलोचनाओं के जवाब में सफाई दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके बेटे के साथ चलने वाली पुलिस की गाड़ी उसकी सुरक्षा के लिए है, न कि एस्कॉर्ट के तौर पर। उन्होंने कहा कि जब से मुझे उपमुख्यमंत्री बनाया गया है, मेरे बेटे की सुरक्षा के लिए एक गाड़ी उसके साथ चलती है, लेकिन यह एस्कॉर्ट नहीं कर रही थी।
डॉ. बैरवा ने इस बात पर जोर दिया कि उनका बेटा अभी सीनियर स्कूल में पढ़ता है और वह अपने दोस्तों के साथ घूम रहा था। उन्होंने कहा, "मेरा बेटा अभी 18 साल का भी नहीं हुआ है और वह अपने स्कूल के दोस्तों के साथ था।"
सोशल मीडिया पर आलोचनाओं को बताया बेवजह
सोशल मीडिया पर हो रही निंदा पर प्रतिक्रिया देते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि लोग बेवजह इस मामले को तूल दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि "यह एक सामान्य स्थिति थी। मेरे बेटे या उसके दोस्तों की कोई गलती नहीं है और उन्हें दोषी ठहराना सही नहीं है।" उन्होंने लोगों से अपील की कि इस तरह की बातों को तूल न दिया जाए और इस मामले को बिना वजह विवाद का विषय न बनाया जाए। गौरतलब है कि बैरवा खुद परिवहन मंत्री भी हैं।