मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने दिन में प्रेस वार्ता करते हुए कहा था कि मेरे पैर की चोट को लेकर भाजपा के नेता व्यंग करते हैं। मैं इनके नेताओं का स्वास्थ्य जानने के लिए हमेशा पहुंचता हूं। भाजपा से कोई भी मेरे स्वास्थ के बारे में जानने नहीं आया, ब्लकि मेरी चोट का मज़ाक बनाते हैं। मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद भाजपा के नेताओं के निरंतर जवाब आना शुरू हो चुके हैं।
दोपहर में पूर्व मंत्री अरुण चतुर्वेदी ने मुख्यमंत्री के बयान पर कहा कि हमारे प्रधानमंत्री मोदी ने मुख्यमंत्री के स्वास्थ लाभ की कामना की थी। हम भी मुख्यमंत्री के स्वास्थ लाभ की कामना करते हैं। उन्होंने कहा कि हम क्या करें आपके ही आपके राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन बोल आपको बोल चुके कि मुख्यमंत्री गहलोत पट्टी उतरो और मीटिंग में आ जाओ।
वहीं, इस मामले में सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। सांसद डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि मुख्यमंत्री @ashokgehlot51 जी मैंने आपके स्वास्थ्य लाभ की कामना की थी। मैं आपसे व्यक्तिगत रूप से मिलकर कुशलक्षेम जानने इसलिए नहीं आ सकता, क्योंकि आपकी पुलिस मुख्यमंत्री आवास की ओर आते ही मुझे घेर लेती है और अपमानित करती है। मुझे तो जनहित के कार्यों के लिए भी मंत्रियों के यहां तक नहीं जाने दिया जाता।
मुख्यमंत्री जी मैं पुन: आपके स्वास्थ्य लाभ की कामना करता हूं, लेकिन आपको भी ऐसे ही संवेदनशील होना चाहिए। कुछ ही महीने पहले वीरांगनाओं के मामले में पुलिस ने मेरी गर्दन तोड़ दी थी। मेरे हालचाल पूछना तो दूर आपके दबाव में एसएमएस के डॉक्टरों ने एम्स भी रेफर नहीं किया।