किसान मांगों को लेकर 100 दिन से धरना दे रहे हैं।
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चूरू के तारागनर में बीमा क्लेम और क्रॉप कटिंग सहित अन्य मांगों को लेकर किसान पिछले 100 दिन से धरना दे रहे हैं। अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले यह धरना किया जा रहा है। कृषि उपज मंडी में महापड़ाव के बाद गुरुवार को किसानों ने तहसील कार्यालय का घेराव किया। बतादें कि बुधवार को उग्र हुए किसानों की पुलिस और आरएसी के जवानों से झड़प हो गई थी। इसके बाद उनके टेंट भी उखाड़ दिए थे। इससे नाराज किसानों ने बीकानेर-दिल्ली हाईवे जाम कर दिया था।
इधर, गुरुवार को कृषि उपज मंडी में जनसभा के बाद किसानों और प्रशासन के अधिकारियों के बीच वार्ता हुई, लेकिन मांगों पर सहमति नहीं बनने के कारण यह वार्ता फेल हो गई। इसके बाद किसानों ने कृषि उपज मंडी से लेकर तहसील कार्यालय तक जुलूस निकाला। नारे लगाते हुए किसानों ने तहसील कार्यालय में घुसने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस और आरएसी के जवानों ने उन्हें रोक लिया।
इससे नाराज किसानों ने तहसील कार्यालय के बाहर नारेबाजी की और वहीं धरने पर बैठ गए। किसान सभा की प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य निर्मल प्रजापत ने कहा कि जब तक सरकार किसानों को क्रॉप कटिंग रिपोर्ट नहीं देगी तब तक संघर्ष जारी रहेगा। किसानों की 'घेरा डालो, डेरा डालो' आंदोलन की चेतावनी के चलते प्रशासन ने दोपहर बाद कस्बे के सभी सरकारी कार्यालयों को बंद करा दिया था, ताकि किसान उन पर कब्जा न कर सकें।