राजस्थान के दौसा जिले के बांदीकुई थाना क्षेत्र में एक युवक की 11 हजार लाइन की चपेट में आकर मौत हो गई। मुकरपुरा के समीप अस्थाई आफिस परिसर में एक युवक पानी के टैंकर पर चढ़कर टैंकर में पानी चेक कर रहा था। इस दौरान 11 हजार केवी लाइन की चपेट में आने से घायल हो गया। कंस्ट्रक्शन कंपनी के अधिकारी घायल युवक को बांदीकुई उपजिला अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां घायल को प्राथमिक उपचार दिया गया, लेकिन दो घंटे बाद युवक रामसिंह मीणा निवासी रुपबास ने दम तोड़ दिया।
सूचना के बाद मौके पर थानाधिकारी सुरेन्द्र मलिक जाब्ते के साथ पहुंचे। वहां मृतक के परिजनों सहित ग्रामीण आर्थिक सहायता की मांग पर अड़ गए। शव को बोलेरो गाड़ी में रखकर मुआवजे की मांग करने लगे।
मृतक राम सिंह के परिजनों का कहना है कि राम सिंह मीणा दौसा कठूमर मेगा हाईवे का निर्माण कर रही केके गुप्ता कंस्ट्रक्शन कंपनी में अपनी बोलेरो गाड़ी लगा रखी थी। उसे वो खुद ही चलाता था। राम सिंह मीणा उम्र के दो छोटे बच्चे हैं। वो परिवार में कमाने वाला इकलौता युवक था, जो भी इस हादसे का शिकार हो गया।
उधर हादसे के बाद मौके पर समाजसेवी सियाराम रलावता और विनोद मीणा सहित बांदीकुई थानाधिकारी सुरेन्द्र मलिक ने परिजनों से समझाइश की। केके गुप्ता कंस्ट्रक्शन कंपनी ने पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये की आर्थिक मदद मुआवजा राशि के रूप में दी है। करीब 6 घंटे के बाद परिजन ने शव के पोस्टमार्टम कराने पर सहमति दी। पुलिस का कहना है जल्द ही मामले में रिपोर्ट आने पर कार्रवाई की जाएगी।