कांग्रेस नेताओं ने किया मौन सत्याग्रह।
- फोटो : अमर उजाला
राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा पर हुए हमले के विरोध में कांग्रेस नेताओं ने करौली में मौन सत्याग्रह किया। राजकीय चिरंजी लाल उच्च माध्यमिक विद्यालय स्थित गांधी प्रतिमा के पास बैठकर कांग्रेसियों ने दो घंटे का मौन रखा। इस दौरान हमले के आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की गई।
कांग्रेस नेताओं ने राहुल गांधी की यात्रा पर हुए हमले को को स्वतंत्रता, सद्भावना और संविधान पर हमला बताया। प्रदेश कांग्रेस सचिव भूपेंद्र भारद्वाज ने बताया कि राहुल गांधी द्वारा मणिपुर से भारत जोड़ो न्याय यात्रा निकाली जा रही है। महिला, गरीब, पिछड़े और युवाओं को न्याय दिलाने के लिए यह यात्रा निकाली जा रही है। असम सरकार ने राहुल गांधी की यात्रा को रोकने का प्रयास किया।
करौली जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष शिवराज मीणा ने कहा कि मणिपुर से देश को जोड़ने और सांप्रदायिक ताकतों के विरोध में न्याय यात्रा निकाली जा रही है। न्याय यात्रा का उद्देश्य देश और देशवासियों को एकता के सूत्र में पिरोना है। ऐसी शांतिपूर्ण न्याय यात्रा पर हमला अनैतिक और संविधान विरोधी है। उन्होंने न्याय यात्रा पर हुए हमले को सोची समझी साजिश और न्याय यात्रा को रोकने का प्रयास बताया।